spot_imgspot_img

Global Statistics

All countries
260,948,428
Confirmed
Updated on November 27, 2021 1:30 PM
All countries
234,007,937
Recovered
Updated on November 27, 2021 1:30 PM
All countries
5,207,568
Deaths
Updated on November 27, 2021 1:30 PM
spot_img

jamshedpur-business-effected-कोविड-19 का असर, ‘डोमिनोज पिज्जा’ ने कर्मचारियों को हटाने की जमशेदपुर में कर दी शुरुआत, टिमकेन के ठेका मजदूरों का डीएलसी ऑफिस पर हंगामा, ‘भाजपा’ अध्यक्ष ने कहा-कर्नाटक की तर्ज पर टेम्पो चालकों को मिले सुविधा, ‘यूथ इंटक’ चाहता है जल्द खुले कंपनियां

Advertisement
जमशेदपुर के डीसी ऑफिस पहुंची डोमिनोज की कर्मचारी.

जमशेदपुर : डोमिनो पिज्जा द्वारा काम से टर्मिनेट किए गए कर्मचारी आज जिला मुख्यालय पहुंचे. जहां इन्होंने जिले के उपायुक्त को ज्ञापन सौंप पूर्व की तरह काम लिए जाने की मांग की है. सौंपे गए ज्ञापन के माध्यम से जमशेदपुर के सभी पांच डोमिनो पिज्जा सेंटर के कर्मियों ने बताया कि पूर्व में यहां सैकड़ों महिला और पुरुष कर्मचारी रेगुलर बेसिस पर काम कर रहे थे, लेकिन वैश्विक महामारी के बीच कंपनी ने अपने पॉलिसी में बदलाव कर डेली वेजेस पर इन्हें काम पर रखने संबंधी बांड भरवाया है. इसके अलावा कर्मचारियों ने बताया कि पिछले महीने के बाद से कंपनी द्वारा इन्हें वेतन भी नहीं दिया जा रहा है. इन सबके बीच कर्मचारी खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं. गौरतलब है कि वैश्विक संकट को देखते हुए वर्ल्ड क्लास कंपनी डोमिनोज पिज्जा ने वैश्विक स्तर पर यह कदम उठाया है. जिससे पूरी दुनिया में डोमिनोज पिज्जा के लाखों कामगार बेरोजगार हो चुके हैं. निश्चित तौर पर वैश्विक महामारी का साइड इफेक्ट अब नजर आने लगा है.

Advertisement
Advertisement
जमशेदपुर के डीएलसी ऑफिस पर हो रहा प्रदर्शन.

टिमकेन के ठेका मजदूरों ने डीएलसी ऑफिस पर किया प्रदर्शन
टिमकेंन कंपनी के संवेदक मेसर्स स्थानीय शिक्षित बेरोजगार उद्योग समिति, मेसर्स मां गायत्री व सुबोध कंस्ट्रक्शन के कर्मचारियों ने अप्रैल माह के वेतन में कटौती व अनिमितता के कारण आक्रोशित होकर जमशेदपुर के डीएलसी ऑफिस का घेरा किया. सोशल डिस्टेंस के बीच यह प्रदर्शन किया गया. इसका नेतृत्व यूथ इंटक के राष्ट्रीय सचिव और झारखंड आम मजदूर यूनियन के उपाध्यक्ष राजीव पांडेय ने किया. इस दौरान इन लोगों ने वेतन समेत तमाम सुविधा देने की मांग की. कंपनी के जीएम से लिखित मांग प्रस्तुत करने की सलाह दी गयी एंव इंटक के आडियोलॉजी के तहत बातचीत कर मसले का हल निकालने की बात राजीव पांडेय ने कहीं. जीएम से आश्वासन प्राप्त होने के पश्चात मजदूर नेता राजीव पांडेय ने सभी मजदूरों को समझा-बुझाकर अपने घर लौट जाने की सलाह दी और कहा कि यदि 72 घंटे के अंदर सभी समस्याओं का समाधान नहीं होता है तो वे लोग मिलकर उचित वेतन एवं न्याय प्राप्ति हेतु उग्र आंदोलन करेंगे.

Advertisement
जमशेदपुर भाजपा अध्यक्ष दिनेश कुमार.

कर्नाटक की तर्ज़ पर ऑटो-बस चालकों को वित्तीय मदद दे सरकार : भाजपा
लॉकडाउन में परिवहन सेवा पूरी तरह बंद कर दी गई है. इसका जबरदस्त असर ऑटो, बस चालकों पर पड़ा है। ऑटो और बस चालकों की कठिनाइयों पर ध्यान दिलाते हुए भारतीय जनता पार्टी ने झारखंड सरकार से इन्हें मदद पहुंचाने की माँग उठाया है. भाजपा के जमशेदपुर महानगर जिलाध्यक्ष दिनेश कुमार ने सरकार से मांग किया कि जिस तरह कर्नाटक सरकार ने ऑटो चालकों को 5000 रुपए प्रति माह सहित राहत सामग्री देने का निर्णय लिया है, उसी तरह झारखंड में भी सरकार ऑटो और बस चालकों को राहत पहुंचाने की दिशा में पहल करे. भाजपा जिलाध्यक्ष ने मामले में ऑटो नेता से मंत्री बनें एक हैवीवेट पर तंज कसते हुए कहा कि ऑटो चालकों को महज़ वोट बैंक की तरह इस्तेमाल किया गया। ऑटो चालकों की भीड़ को राजनीतिक टूल की तरह प्रयोग करने वाले नेता कठिन समय में इन्हें भूल गये हैं. भाजपा जिलाध्यक्ष दिनेश कुमार ने कहा कि जमशेदपुर सांसद के अलावे भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा जरूरतमंद ऑटो और बस चालकों को यथासंभव राशन और खाद्य सामग्रियों की मदद दी गयी है किंतु वह अपर्याप्त है. कहा कि ऑटो और बसों की लोन चुकाना सिरदर्द बना हुआ है. मदद की आस लेकर कदमा में मंत्री आवास जाने वाले ऑटो-बस चालकों को बेरंग लौटना पड़ रहा है. जमशेदपुर में अनुमानित दस हज़ार से अधिक चालक ऐसे हैं, जो ऑटो और बस चलाकर ही गुजर बसर करते हैं. अब उनके सामने भूखमरी की स्थिति आ गई है क्योंकि अभी तक जो भी जमा पूंजी थी उससे वह भोजन पानी की व्यवस्था कर रहे थे, लेकिन अब पैसे भी खत्म हो गए हैं. भाजपा जिलाध्यक्ष ने झारखंड सरकार से मांग की है कि जिस तरह कर्नाटक सरकार ने ऑटो चालकों को 5000 रुपए प्रति माह सहित राहत सामग्री देने का निर्णय लिया है, उसी तरह झारखंड में भी सरकार ऑटो और बस चालकों को राहत पहुंचाएं.

Advertisement
यूथ इंटक के प्रदेश अध्यक्ष शैलेश पांडेय.

कोल्हान की कंपनियों को शीघ्र चालू किया जाए : यूथ इंटक
यूथ इंटक के प्रदेश अध्यक्ष ओंकारनाथ पांडे उर्फ शैलेश पांडे ने झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पत्र लिखकर कोल्हान की कंपनियों को यथाशीघ्र खोलने का आग्रह किया. उन्होंने मुख्यमंत्री को लिखे पत्र में कहा है कि ऑटोमोबाइल सेक्टर में विगत 1 वर्ष से आई मंदी के चलते आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र की कंपनियों की हाल खराब है और उस पर से वैश्विक महामारी कोरोना मे उद्योगों की स्थिति को और खराब कर दिया है. टाटा मोटर्स, टिमकेन सहित अन्य कंपनियों के लिए उत्पाद बनाने वाली आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र की कंपनियों सहित पूरे कोल्हान की कंपनियों को खोलने से मजदूर और उद्योगपति की मानसिक स्थिति में सकारात्मक बदलाव आएगी तथा सबसे बड़ी राहत असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को मिलेगी. पूरा कोल्हान क्षेत्र अभी तक ग्रीन जोन में है और यहां एक भी कोरोना मरीज की संख्या दर्ज नहीं हुई है इसलिए कोविड-19 के तय किए गए मानकों का शत-प्रतिशत पालन करते हुए उद्योगों को खोलना चाहिए. उद्योगों को खोलने का निर्णय यूथ इंटक की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग बैठक में लिया गया जिसमें यूथ इंटक के राष्ट्रीय महासचिव नितेश राज, राष्ट्रीय सहायक महासचिव शिखा चौधरी, राष्ट्रीय सचिव विजय यादव, पवन कुमार बबलू, राकेश साहू, सहित यूथ इंटक के पूर्वी सिंहभूम जिला अध्यक्ष अंजनी पांडे, सरायकेला खरसावां जिला अध्यक्ष अवधेश सिंह एवं पश्चिमी सिंहभूम जिला अध्यक्ष मोहम्मद हसलुदीन खान उपस्थित थे। सभी ने प्रदेश अध्यक्ष शैलेश पांडे को मुख्यमंत्री को चिट्ठी लिखने को कहा. साथ ही साथ यूथ इंटक के प्रदेश अध्यक्ष शैलेश पांडे ने कोल्हान के उद्योगपतियों से आग्रह किया है कि वह इस वैश्विक महामारी में अपने कर्मचारियों को अप्रैल माह का वेतन देखकर उन्हें सहयोग करें.

Advertisement
[metaslider id=15963 cssclass=””]

Advertisement
Advertisement
WhatsApp Image 2020-06-13 at 7.45.22 PM
IMG-20200108-WA0007-808x566
WhatsApp Image 2020-06-13 at 7.45.22 PM (1)
WhatsApp_Image_2020-03-18_at_12.03.14_PM_1024x512
previous arrow
next arrow

Leave a Reply

spot_img

Must Read

Related Articles

Don`t copy text!