spot_img
सोमवार, अप्रैल 19, 2021
More
    spot_imgspot_img
    spot_img

    छऊ नृत्य प्राचीन धार्मिक आस्था का प्रतीक व मनोरंजन का माध्यम : हरेलाल महतो

    Advertisement
    Advertisement
    • लुपुंगडीह में गणेशोत्सव के उपलक्ष्य में मानभूम छऊ नृत्य कार्यक्रम आयोजित

    चांडिल : लुपुंगडीह गांव में गणेशोत्सव के उपलक्ष्य में मानभूम छऊ नृत्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इसमें मुख्य अतिथि हरेलाल महतो ने दर्शकों को संबोधित करते हुए कहा कि छऊ नृत्य प्राचीन धार्मिक आस्था के प्रतीक के साथ मनोरंजन का माध्यम है. उन्होंने कहा कि कलाकार हिंदू धर्म के वेद-शास्त्र की  सूक्ति को काल्पनिक रूप देकर नृत्य प्रस्तुत करते हैं. नृत्य के माध्यम से मानव समाज को धार्मिक व सामाजिक संदेश दिया जाता है. उन्होंने कहा कि छऊ नृत्य झारखंड की काफी प्रसिद्ध लोककला है. आज यह देश के साथ विदेशों में भी काफी प्रसिद्ध है. धरणीधर सिंह मुंडा ने कहा कि छऊ नृत्य विशेष कठिन कला है. काफी परिश्रम से इस कला का अभ्यास करना पड़ता है. कलाकारों ने लंबे अरसे के बाद काफी मेहनत से इस कला को देश के कोने-कोने के साथ ही विदेशों तक पहुंचाया है. विदेशों में प्रसिद्ध इस लोककला को अपने देश व राज्य में सरकारी प्रोत्साहन की आवश्यकता है. इस अवसर पर लुपुंगडीह, पाथरडीह, तेंतलो, पितकी, कुशपुतुल आदि गांवों से आये दर्शक उपस्थित थे. इस अवसर पर युवा नेता धरणीधर सिंह मुंडा, उप मुखिया कालीपद गोप, लक्षिकान्त महतो, अमित महतो ससमेत अन्य लोग उपस्थित थे.

    Advertisement
    Advertisement

    Advertisement

    Leave a Reply

    This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

    spot_imgspot_img

    Must Read

    Related Articles

    Don`t copy text!