Jamshedpur-Rural-Elephant : हरिपुर गांव के जंगल में हथनी ने शिशु को दिया जन्म, सोनाहातु में हाथियों ने धान की फसल को किया बर्बाद

Advertisement
Advertisement

Chakuliya : चाकुलिया वन क्षेत्र के हरीपुर गांव के साल जंगल में शुक्रवार को एक हथनी ने शिशु हाथी को जन्म दिया है. यह जानकारी विभाग के वनरक्षी अमित महतो ने दी. उन्होंने कहा कि शुक्रवार को एक गर्भवती हथनी ने बच्चे को जन्म दिया. शुक्रवार को 13 हाथियों का दल हरिपुर जंगल में था, हाथी के बच्चे के जन्म लेने के कारण हाथी काफी आक्रामक हैं. ग्रामीणों को जंगल जाने से मना किया गया है. श्री महतो ने कहा कि फिलहाल हाथियों का दल ढिलाहारा जंगल के आस पास है. कहा कि हाथी के बच्चे के जन्म लेने से हाथी तेजी से भाग भी नही रहे हैं. विभाग की नजर उक्त हाथियों के झुंड पर है. कहा कि फिलहाल हाथियों का झुंड कई भागों में बंटा हुआ है, जिस कारण विभाग और ग्रामीणों को परेशानी हो रही है.

Advertisement
Advertisement

सोनाहातु में हाथियों ने धान की फसल को किया बर्बाद
Chakuliya : चाकुलिया प्रखंड की सोनाहातु पंचायत के सोनाहातु गांव में बीती रात नो हाथियों के झुंड ने जमकर उत्पात मचाया है. गांव में हाथी के आने से किसानों को अपनी धान की फसल की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है. वहीं ग्रामीण दहशत में हैं. ग्रामीणों ने बताया कि बीती रात नौ हाथियों का दल गांव में प्रवेश कर किसान जितराय सोरेन, भीका सोरेन, मनोज मांडी, जमादार सोरेन, पिथो मुर्मू हरो प्रसाद सोरेन समेत अन्य किसानों के खेत में लगी धान की फसल को पैरों तले रौंद कर बर्बाद कर दिया है. हाथियों द्वारा फसल रौंदने से किसानों को भारी नुकसान हुआ है. हाथियों द्वारा फसल को नुकसान पहुंचाने की सूचना पाकर रविवार की सुबह वनरक्षियों ने गांव में जाकर क्षति का आंकलन किया. वनकर्मियों ने किसानों के बीच मुआवजा फार्म का वितरण किया गया. वनकर्मियों ने किसानों से कहा कि हाथी से हुए नुकसान के लिए किसान फार्म भरकर विभाग के कार्यालय में जमा करें, जल्द ही सरकारी प्रक्रिया पूरी कर मुआवजा राशि उपलब्ध करायी जाएगी. वनकर्मियों ने बताया कि नौ हाथियों का दल रविवार को चाकुलिया धालभूमगढ़ मुख्य सड़क के बीच सुनसुनिया जंगल में होने की सूचना है. वनकर्मियों ने बताया कि उनके द्वारा लगातार प्रयास किया जा रहा है कि प्रखंड में पहुंचे सभी हाथियों को एकत्रित कर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया जाये, परंतु हाथियों के कई झुंड में रहने के कारण वनकर्मियों को हाथियों को भगाने में परेशानी हो रही है.

Advertisement
Advertisement
Advertisement

Advertisement
Advertisement

Advertisement
Advertisement
Advertisement

Advertisement