spot_img
शनिवार, मई 15, 2021
spot_imgspot_img
spot_img

saraikela : भारी बारिश, खरकई व स्वर्णरेखा नदी के जलस्तर में संभावित वृद्धि व बाढ़ के खतरे से निपटने के लिए आपदा प्रबंधन विभाग अलर्ट पर

Advertisement
Advertisement

सरायकेला : आगामी दिनों में संभावित भारी बारिश और खरकई, स्वर्णरेखा एवं जिले से होकर गुजरनेवाली अन्य नदियों के जलस्तर में वृद्धि की आशंका को देखते हुए सरायकेला-खरसावां के उपायुक्त ए दोड्डे ने जिला आपदा प्रबंधन को अलर्ट पर रहने का निर्देश देते हुए बाढ़ से निपटने की जिम्मेवारी दी है. उपायुक्त ने कहा कि वर्षा से खरकई व स्वर्णरोखा नदी के जलस्तर में वृद्धि तथा बाढ़ की संभावित स्थिति से निपटने के लिए सभी तरह की एहतियाती तैयारी करने की आवश्यक्ता है. ताकि बाढ़ की स्थिति उत्पन्न होने पर जान व माल को किसी तरह का नुकसान न हो. उपायुक्त ने बताया कि सरायकेला अनुमंडल में मुख्य रुप से आदित्यपुर क्षेत्र के लिए बाढ़ से बचाव संबंधी कार्रवाई के लिए सरायकेला के अनुमंडल पदाधिकारी को एवं चांडिल क्षेत्र के लिए चांडिल के अनुमंडल पदाधिकारी को नोडल पदाधिकारी के रुप में अधिकृत किया गया है. वहीं उन्होंने बताया कि कार्यपालक अभियंता खरकई, खरकई नहर प्रमंडल आदित्यपुर, कार्यपालक अभियंता प्रारुप एवं बाढ़ नियंत्रण, खरकई एवं बैक वेल डैम के अभियंताओं के संपर्क में रहकर जल स्तर के संभावित वृद्धि के अद्यतन स्थिति से तुरंत संभावित नोडल पदाधिकारी को सूचित करेंगे. आदित्यपुर क्षेत्र में खरकई नदी के जल स्तर में संभावित वृद्धि से प्रभावित सदस्यों व घरों को चिन्हित कर सदस्यों का संपर्क सूत्र संबंधित थाना प्रभारी, अंचलाधिकारी व नगर निगम के नगर आयुक्त संयुक्त रुप से तैयार कर उपलब्ध कराएंगे. आदित्यपुर क्षेत्र के बाढ़ से संभावित प्रभावित परिवारों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने के लिए चयनित आपदा शिविर में पानी, बिजली व जेनरेटर आदि आवश्यक्ताओं की पूर्ति नगर निगम द्वारा किया जाएगा. विशेष परिस्थिति में नाव व गोताखोरों की तैनाती सुनिश्चित किए जाने की बात उन्होंने कही. वहीं बाढ़ से प्रभावित परिवारों को राहत सामग्री उपलब्ध कराने के लिए संबंधित अनुमंडल पदाधिकारी को प्राधिकृत किया गया है. वहीं उन्होंने बताया कि आदित्यपुर क्षेत्र में बाढ़ से प्रभावित परिवारों को चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए सिविल सर्जन तैयारी पूर्व से ही करना सुनिश्चित करेंगे. इसके अलावा असामाजिक तत्वों द्वारा प्रभावित परिवारों के संभावित संपत्ति की चोरी व नुकसान पहुंचाने की संभावना के रोकथाम के लिए पुलिस अधीक्षक अपने स्तर से संबंधित थाना प्रभारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देंगे. वहीं जिला अग्निशमन पदाधिकारी को चौबीस घंटे कार्यालय परिसर में अग्निशमन वाहन तैयार रखने का निदेश दिया गया. सिविल सर्जन अपने अधीनस्थ एंबुलेंस चालक के साथ तैनात रखेंगे ताकि जरुरत के मुताबिक इसे उपयोग में लाया जा सके.

Advertisement
Advertisement

Advertisement
Advertisement

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

spot_imgspot_img

Must Read

Related Articles

Don`t copy text!