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डॉ जेजे इरानी एजुकेशन अवार्ड शनिवार को, इसरो के पूर्व चेयरमैन डॉ के कस्तुरीरंगन भाग लेंगे, शहर और आसपास के स्कूलों की पैनी नजर, जानिये कैसे स्कूलों का होता है इसके लिए चयन

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डॉ के कस्तुरीरंगन

जमशेदपुर : टाटा स्टील एजुकेशन एक्सीलेंस प्रोग्राम (टीइइपी) का वार्षिक पुरस्कार समारोह डॉ जेजे इरीनी एक्सीलेंस अवार्ड शनिवार 19 अक्टूबर को होगा. पद्म विभूषण और इसरो के पूर्व अध्यक्ष और नयी शिक्षा नीति मसौदा समिति के वर्तमान में चेयरमैन के कस्तूरीरंगन इसमें मुख्य अतिथि होंगे. जमशेदपुर के लोयोला स्कूल स्थित फेजी अडिटोरियम में शनिवार को दोपहर 2:15 से शाम 4 बजे तक यह अवार्ड दिया जायेगा. पद्म विभूषण डॉ के कस्तूरीरंगन के साथ यहां टाटा स्टील के पूर्व एमडी डॉ जेजे इरानी, टाटा स्टील के एमडी टीवी नरेंद्रन भी उपस्थित रहेंगे. इससे पहले डॉ कस्तूरीरंगन कदमा के जुस्को स्कूल स्थित कुडी मोहंती ऑडिटोरियम में सुबह 10 से 11 बजे एक इंटरेक्टिव सेशन में शिक्षकों को संबोधित करेंगे. टीइइपी पुरस्कार समारोह ‘टाटा एजुकेशन एक्सीलेंस प्रोग्राम-2018’ में हिस्सा लेने वाले स्कूलों की उपलबियों का जश्न मनाएगा.

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डॉ जेजे इरीनी एक्सीलेंस अवार्ड समारोह की फाइल तस्वीर.

टीइइपी (टाटा एजुकेशन एक्सीलेंस प्रोग्राम) को वर्ष 2003 में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार और कल के नागरिकों को पोषित करने के लिए उत्कृष्टता की संस्कृति निर्मित करने के एक टूल के रूप में पेश किया गया था. जमशेदपुर और आस-पास के 65 से अधिक स्कूल, जिसमें 3500 से ज्यादा शिक्षक और एक लाख से भी अधिक विद्यार्थी नियमित रूप से टीइइपी में भाग ले रहे हैं. कार्यक्रम अपनी पहुंच और गुणवत्ता दोनों के मामले में विकसित हुआ है. हाल के वर्षो में इसमें जमशेदपुर के शहरी और ग्रामीण स्कूल भी शामिल हुए हैं. पिछले कुछ वर्षो में, मूल्यांकन और स्कोर-आधारित सम्मान से हटकर एक अधिक समग्र गुणात्मक कार्य और संबांधित मान्यता पर फोकस किया जा रहा है. टीइइपी का संपूर्ण सुधार ढांचा शिक्षकों, विद्यार्थियों, अभिभावकों आदि द्वारा सुधार और अभिनव अभ्यासों और कहानियों को बढ़ावा देने पर आधारित है. एजुकेशन क्वालिटी इम्प्रूवमेंट प्रोजेक्ट्स (इक्विप ), पंख, इनोटीचिंग, टीचर अवर्ड, बेस्ट क्लब एक्टीविटीज, पर्ल या अच्छे अभ्यास एवं अच्छे अभ्यासों का अंगीकरण आदि अधिक से अधिक अद्यतन वाली कहानियों के सृजन की दिशा में निर्देशित हैं. इन रणनीतिक बदलावों ने कार्यक्रम को जीवंत बनाये रखने में लगातार मदद की है.

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टीईईपी के तहत पुरस्कार और मान्यता श्रेणियाँ :

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अवार्ड का नाम-अंक हासिल करने का पैमाना
डॉ जेजे इरानी पुरस्कार-600 +
शिक्षा उत्कृष्टता में उपलब्धि : 550 से 599
शिक्षा उत्कृष्टता में असाधारण उपलब्धि : 500 से 549
शिक्षा उत्कृष्टता में महत्वपूर्ण उपलब्धित : 450 से 499
शिक्षा उत्कृष्टता के लिए दृढ़ वचनबद्घता : 400 से 449
शिक्षा उत्कृष्टता की प्रतिबद्घता: 350 से 399

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क्या है इस अवार्ड का इतिहास और वर्तमान स्थिति :
रेगुलर प्रोग्राम 2003 में शुरु किया गया था. भाग लेने वाले स्कूलों का मूल्यांकन प्रिंसिपल के नेतृत्व में 4 से 5 नागरिकों की एक टीम द्वारा किया जाता है और इसमें शिक्षकों को भी शामिल किया जाता है. मूल्यांकन 1000-स्कोर के पैमाने पर किया जाता है. टीइइपी रेगुलर के छह मापदंड क्षेत्र हैं : (1) लीडरशिप (2) प्लानिंग (3) पैरेंट, स्टूडेंट और स्टेक होल्डर फोकस, (5) टीचर और स्टाफ फोकस, (6) स्कूल संचालन, और (7) रिजल्ट. स्कूलों द्वारा आकलन या मूल्यांकन निष्कर्ष का उपयोग सुधार के लिए किया जाता है. प्रदर्शन उत्कृष्टता के लिए मानदंड और ढांचा मैल्कम बाल्ड्रिज मानदंड से लिया गया था, लेकिन इसे समय के साथ भारत में स्कूल और शिक्षा प्रणालियों के अनुरूप अनुकूलित किया गया है. स्कूलों को उत़्ष्टता के लिए उनके प्रयासों और ऊपर के पायदानों की ओर उनकी यात्रा के लिए सम्मानित किया जाता है. 600+ (कुल 1000 में से) का स्कोर प्राप्त करने वाले स्कूल को उच्चतम पुरस्कार डॉ जेजे इरानी अवार्ड फॉर एक्सीलेंस इन एजुकेशन दिया जाता है. 2008 में 9 स्कूलों ने रेगुलर प्रोग्राम मूल्यांकन में भाग लिया है. 2015 से हर दो वर्ष में एक बार रेगुलर असेसमेंट किया जा रहा है. हर मूल्यांकन वर्ष में प्रगति व सुधार की गतिशीलता को बनाये रखने के लिए स्कूलों का डिपचेक किया जाता है. 2015 से लेकर अब तक कुल 40 डिपचेक किये गये हैं. 2018 में 9 स्कूलों का डिपचेक किया गया.

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क्या है बेसिक प्रोग्राम :
2012 में बेसिक प्रोगाम शुरू किया गया. बेसिक प्रोग्राम वस्तुत: रेगुलर असेसमेंट का एक सरल चेकलिस्ट संस्करण है. यह उन स्कूलों के लिए है जिन्होंने अभी अपनी शिक्षा उत्कृष्टता यात्रा शुरू की है. 90 प्रतिशत का अनुपालन स्कोर स्कूल को रेगुलर प्रोग्राम की अर्हता देता है. 2018 में 10 स्कूलों ने बेसिक प्रोग्राम में भाग लिया. 2013 में टीइइपी ने सरल प्रोग्राम के माध्यम से सफलतापूर्वक ग्रामीण, सरकारी और हिंदी मीडिया तक अपनी पहुंच का विस्तार किया. फोकस बुनियादी ढांचा आवश्यकताओं और आधार प्रक्रियाओं पर है. स्कूल, जो थ्रेसहोल्ड स्कोर प्राप्त करते हैं, वे बेसिक प्रोग्राम में भाग लेने के पात्र हैं. टीइइपी सरल ने स्कूलों को उनकी अपनी प्रक्रियाओं को मानकी़त करने और खामियों को चिन्हित करने के लिए व्यवस्थित ढांचे के अनुपालन के द्वारा परिपक्वता का न्यूनतम स्तर प्राप्त करने, प्रक्रियाओं को संरेखित करने और अधिक केंद्रित विकास के लिए एक प्रणाली विकसित करने में मदद की है. इस वर्ष यानी 2018 में सरल में कुल 8 स्कूलों ने भाग लिया है.

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सुधार के लिए उठाये गये कदमों का सम्मान :
टीइइपी सुधार के लिए क्षेत्रों को चुनने और बदलाव की दिशा में काम करने में शिक्षकों और विद्यार्थियों की संलगन्ता को प्रोत्साहित करता है. इन्हें प्रोजेक्ट्स के रूप में डॉक्यूमेंट किया गया है. स्कूलों द्वारा प्रस्तुत किए गए सभी सुधार और नवाचार प्रोजेक्टों को नामित जूरी द्वारा चुनकर मूल्यांकन किया जाता है. उच्च स्तर की उत्कृष्टता का प्रदर्शन करने वाली सर्वश्रेष्ठ कहानियों को वार्षिक टीइइपी पुरस्कार समारोह में सम्मानित किया जाता है. जिसमें एजुकेशन क्वालिटी इम्प्रूवमेंट प्रोजेक्ट्स (इक्विप): एक व्यवस्थित और वैज्ञानिक समस्या निवारण दृष्टिकोण का उपयोग कर शिक्षकों और विद्यार्थियों की टीमों द्वारा इम्प्रूवमेंट प्रोजेक्ट्स की जाती हैं. 2010 के बाद से इक्विप प्रोजेक्टों में कार्य निष्पादित करना, नवाचार, समस्या समाधान, 2010 से आरंभ पर्ल उन स्कूलों के अच्छे अभ्यास हैं, जिन्हें मूल्यांकन (आकलन) के तहत असेसमेंट टीम द्वारा चिन्हित किये जाते हैं. 2013 में इनोटीचिंग शुरू किया गया था. यह पुरस्कार शिक्षण में अभिनव दृष्टिकोण प्रदर्शित करने के लिए शिक्षकों को प्रोत्साहित करता है. विद्यार्थियों पर ध्यान केंद्रित करने और उतकृष्टता की संस्तुति विकसित करने के लिए एक सचेत प्रयास के तहत विद्यार्थी अपनी सुधार कहानियों और प्रभाव का प्रदर्शन कर सकते हैं. इन मामलों का मूल्यांकन एक स्वतंत्र टीम द्वारा तय मानदंडों का उपयोग कर किया जाता है और चयनित पेपरों को सम्मानित किया जाता है. पंख को 2013 में पेश किया गया है. यह 2016 में आरंभ की गयी नयी पहल है, जो सुधार के असफल प्रयासों को सम्मानित करता है. यह असफलता से सीखने को प्रोत्साहित करता है.
इसका उद्देश्य विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए एक्टीविटी क्लबों का अधिकतम लाभ लेने हेतु स्कूलों को प्रोत्साहित करना है. पुरस्कार का उद्देश्य लेसन प्लानिंग और टीचर डेवलपमेट समेत शिक्षण के सभी क्षेत्रों में उत्कृष्टता के लिए शिक्षकों की उत्कृष्टता को प्रोत्साहित करना है. यह पुरस्कार 2018 में शुरू किया गया और दूसरे स्कूल से अच्छे अभ्यास को अपनाने और इसे लागू करने में किसी सुार टीम द्वारा किए गए प्रयासों को सम्मानित करता है, तथा वांछित परिणाम प्राप्त करने के लिए अभ्यास में और सुधार करता है. इन सभी पहलकदमियों के तहत 2018 में कुल 204 प्रोजेक्ट्स सौंपे गये थे. एक परिभाषित मानदंड के आधार पर सभी सुधार पहलकदमियों को सूचीबद्घ किया गया और दिसंबर 2018 में इक्विप ऐंड एजुक्वेस्ट के जूरी के समक्ष प्रस्तुत किया गया. टीइइपी के सभी विजेताओं को टीइइपी पुरस्कार समारोह में सम्मानित किया जायेगा.

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