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शुक्रवार, जून 18, 2021
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Kolhan-University : इंतजार की घड़ी खत्म कोल्हान यूनिवर्सिटी ने जारी की टॉपर लिस्ट, यूजी मास कॉम में करीम सिटी की तीन छात्राएं शीर्ष पर

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जमशेदपुर : इंतजार के बाद कोल्हन विश्वविद्यालय, चाईबासा ने सत्र (2017-20) बैच के विद्यार्थियों की टॉपर लिस्ट जारी कर दी है. विश्वविद्यालय ने पीजी व यूजी व बीएड की टॉपर लिस्ट जारी की है . इस सत्र में कुल 9 बच्चों को गोल्ड मेडल से सम्मानित किया जाएगा. इसके साथ ही यूजी के कुल 21 बच्चों व पीजी के 20 बच्चों को सम्मानित किया जाएगा. विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रण डॉ पीके पाणी की ओर से इन सभी विद्यार्थियों को आगे बढ़ने और जीवन में अपने लक्ष्य को पाने का आश्वासन भी दिया. इसके साथ ही, ऐसा पहली बार हुआ है जब करीम सिटी कॉलेज के ही मास कम्युनिकेशन डिपार्टमेंट की तीन छात्राओं ने टॉपर लिस्ट (सत्र 2017-20) में अपना नाम दर्ज किया. (नीचे भी पढ़ें)

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करीम सिटी मास कॉम स्नातक (यूजी) की टॉ थ्री छात्राएं
प्रथम : एनी पुष्पा प्रसन्ना
द्वितीय : लवली शर्मा
तृतीय : कुमारी अंजलि (नीचे भी पढ़ें)

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एनी पुष्पा प्रसन्ना.

क्या कहते हैं टॉपर्स, उन्हीं की जुबानी
एनी पुष्पा प्रसन्ना : मैं ईश्वर और मेरे संकाय के शिक्षकों-एचओडी डॉ नेहा मैम, साजिद सर, शाजेब सर, फरजाना मैम, निदा मैम, अयान सर, संजय सर और दीपिका मैम और मेंटर्स- अभिषेक, मानसिंह, मसिरा, निम्मी ,स्नेहा, यश, तारकेश्वर , विश्वेश और नावेद और मेरे तामाम दोस्तों को धन्यवाद देना चाहती हूं, जिन्होंने मुझे मास कम्युनिकेशन और वीडियो प्रोडक्शन की बुनियादी बातें सिखाई हैं और मुझे सिनेमा की दुनिया के बारे में सिखा कर मुझे एक गोल्ड मेडलिस्ट बनाया. मैं मेरे परिवार को भी धन्यवाद देना चाहती हूं, जिन्होंने मेरे सपने को आगे बढ़ाने के लिए मेरा साथ दिया. मैं दो साल की मास्टर्स डिग्री करना चाहती हूं और जेट की तैयारी कर रही हूं. मैं एक सफल निर्माता और स्क्रिप्ट लेखक बनना चाहती हूं और अपना खुद का प्रोडक्शन हाउस और बेकरी-कैफे स्थापित करना चाहती हूं. (नीचे भी पढ़ें)

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लवली शर्मा.

लवली शर्मा : कामयाबी कभी भी आपके अकेले की नहीं होती, आपके चाहने वालों का हाथ हमेशा आपके कंधे पर होता है. मैं अपनी बात करूं तो मेरे साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ है. आज कोल्हान यूनिवर्सिटी की टॉपर लिस्ट में मेरा नाम है, तो मेहनत मेरे अकेले की नहीं हैं मैं तमाम लोगों की शुक्रगुजार हूं जिन्होंने मेरे इस सफर में मेरा खूब साथ दिया है. मेरे पापा एक स्टोन क्रेशर प्लांट के मालिक है और मेरी मम्मी हाउसवाइफ. मेरे पेरेंट्स की हमेशा से यह कोशिश रही है कि वह मुझे एक अच्छी एजुकेशन दें. मेरी भी हमेशा से यही कोशिश रही है कि मैं उनकी तमाम मुरादे पूरी करू. मैंने 10वीं और 12वीं की पढ़ाई सेंट मैरी स्कूल, बड़बिल, उड़ीसा से की है. मास कम्युनिकेशन के फिल्ड में होने का मतलब है कि आपको हर दिन कुछ नया सीखने और जानने को मिलेगा. मैंने मास कम्युनिकेशन को इसलिए चुना क्योंकि मैं हमेशा से कुछ अलग करना चाहती थी. मैं करीम सिटी कॉलेज के तमाम फैकेल्टी मेंबर्स की शुक्रगुजार हूं, जिन्होंने हर मोड़ पर मुझे गाइड किया है. खासकर डॉ नेहा तिवारी, निदा जकरिया, फरजाना, साजिद परवेज, संजय, दीपिका और शालिनी मैम. रही बात आगे पढ़ने की तो मैं मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स करूंगी और एक अच्छी जर्नलिस्ट बनूंगी. अगर तैयारियों की बात करें तो मैंने कुछ ज्यादा नहीं किया. अखबार को अपनी आदत बना लिया. हैन्ड बुक ऑफ जर्नलिज्म को अपना बेस और कैमरा के लिए मैंने कॉलेज में मौजूद बुक्स को रेफर किया. सच कहूं तो अपने इस 3 साल की जर्नी में मैंने एक भी किताबें नहीं ख़रीदीं. लेकिन मैं क्लासरूम क्लास रूम के लेक्चर को बहुत ध्यान से सुना करती थी. सभी को फिर से शुक्रिया कहना चाहूंगी और एक बात जरूर कहूंगी, अगर जिंदगी में अपने लक्ष्य पानी है, तो डटे रहो डरो मत , मुश्किल आएगी लेकिन आप को रुकना नहीं है, बस चलते जाना है. (नीचे भी पढ़ें)

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कुमारी अंजलि.

कुमारी अंजलि : बड़े बुजुर्ग कहते हैं न जीवन में कुछ बनना है तो अपने लक्ष्य पर डटे रहो. मैं मास कम्युनिकेशन डिपार्टमेंट के एचओडी डॉ नेहा तिवारी, फरजाना मैम, साजिद सर, साजेब सर और खासकर निदा मैम, दीपिका मैम और अपराजिता मैम को तहे दिल से धन्यवाद देना चाहती हूं, क्योंकि इन सभी लोगों का इस कामयाबी के पीछे काफी योगदान रहा हैं . जब मुझे कुछ भी दिक्कत होती थी वह हमेशा सहयोग करती थीं. मैंने अपनी 10वीं और 12वीं की पढ़ाई जमशेदपुर के ही श्री कृष्णा पब्लिक स्कूल से की है. मास कम्युनिकेशन एक वोकेशनल कोर्स है. इसके बारे में मुझे उतनी जानकारी नहीं थी जितना इस विभाग में प्रवेश होने के बाद मिला. मैं अपने माता-पिता को भी धन्यवाद देना चाहती हूं क्योंकि उनके योगदान के बिना कुछ भी मुमकिन नहीं है. इस वर्ष कोविड-19 की वजह से मैंने कहीं भी दाखिला नहीं लिया है. अगले वर्ष मैं पीजी में दाखिला लूंगी और पत्रकारिता के क्षेत्र में जाना चाहती हूं.

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