जमशेदपुर : जमशेदपुर पूर्वी विधानसभा क्षेत्र में विगत अनेक वर्षों से लंबित जन-सुविधा परियोजनाओं पर शीघ्र कार्य आरम्भ करने एवं समय सीमा के भीतर इन्हें पूरा करने के लिये टाटा स्टील युटिलिटिज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर सर्विसेज लिमिटेड (पूर्ववर्ती जुस्को) के नवनियुत्त प्रबंध निदेशक रितुराज सिन्हा से विधायक सरयू राय ने मुलाकात की. उनके एवं अन्य अधिकारियों के साथ संतोषजनक लंबी वार्ता हुई. वार्ता के दौरान कई मुद्दों पर चर्चा की गयी. इसके तहत विद्युत आपूर्ति के संबंध में तीन बिन्दुओं पर सार्थक विमर्श हुआ. एक, जमशेदपुर के विभिन्न गैरकंपनी इलाक़ों में कंपनी द्वारा विद्युत आपूर्ति करने के बारे में, दूसरा, जमशेदपुर के ग़ैर-कंपनी इलाक़ों में जिस समय झारखंड सरकार की कम्पनी जेबीभीएनएल से कम बिजली मिलती है, लोड शेडिंग के कारण लाईन कटते रहती है उस समय बिजली की कमी को पूरा करने के लिये टाटा स्टील की कंपनी टीएसयूआईएल से बिजली लेने के बारे में और तीसरा केबुल कंपनी इलाक़े में सभी घरों में टाटा स्टील का सीधा बिजली कनेक्शन देने के बारे में चर्चा की गयी, जिसमें यह निष्कर्ष आया कि कंपनी ने सभी इलाक़ों में बिजली देने के लिए अधोसंरचना का विस्तार एवं सुदृढ़ीकरण शुरू कर दिया है. बाग़ुननगर के घरों में बिजली आपूर्ति क्षमता के विस्तार का काम जारी है. इसके लिए वहां नया पावर सबस्टेशन संरचना खड़ा करने पर काम चल रहा है. (नीचे भी पढ़ें)

इसका विस्तार बागुनहातु, बारीडीह मोहरदा-मुराकाटी इलाक़े तक होगा. मोहरदा में नया पावर स्टेशन लगाकर घरों में बिजली देने का सर्वे पूरा हो गया है, काम शुरू हो रहा है. बर्मामाइंस के विनोवा आश्रम क्षेत्र में बिजली-पानी की व्यवस्था पर काम चालू है. छायानगर, निर्मल नगर इलाक़ों में भी नया सबस्टेशन बनाने की बाधायें दूर हो गई हैं. इसके अलावा गैरकम्पनी इलाक़ों में पीक पीरियड में बिजली की सरकारी आपूर्ति में कटौती होने पर कमी पूरी करने के लिए कंपनी बिजली देने के लिये तैयार हो गई है. इसके लिए कंपनी की ओर से जल्द ही एक ठोस तकनीकी प्रस्ताव सरकार के विद्युत जीएम, जमशेदपुर को सौंपा जाएगा. इस बारे में दो दिनों पूर्व बिजली विभाग के सचिव अविनाश कुमार से विधायक सरयू राय की वार्ता उनके कार्यालय में हुई. (नीचे भी पढ़ें)

उन्होंने जीएम विद्युत, जमशेदपुर से भी दूरभाष पर बात किया और निर्देश दिया कि कंपनी की बिजली इस्तेमाल करने के संबंध में तकनीकी अड़चनों का निष्पादन करें, कंपनी के साथ संयुक्त प्रस्ताव तैयार कर सरकार के विचारार्थ शीघ्र भेजें. कंपनी केबुल इलाक़े में घर-घर बिजली कनेक्शन देने के लिए तैयार है. इसके लिये निधि की व्यवस्था भी स्वीकृत हो गई है. टाटा स्टील के लीगल (विधिक) कोषांग से प्रतिवेदन प्राप्त होते ही एकमुश्त बिजली देने की वर्तमान व्यवस्था को बदलकर इसकी जगह घर घर कनेक्शन देने की व्यवस्था होगी. ग़ैर कंपनी इलाक़ों में पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के बारे में गहन विमर्श हुआ. कंपनी की ओर जानकारी दी गई कि से अब तक छुटे हुए इलाक़ों में पेयजल की आपूर्ति करने की योजना की स्वीकृति मिल गई है और निधि की व्यवस्था भी हो गई है. योजना पर काम शुरू करने के लिए ज़रूरी पाईप आदि आवश्यक सामानों की ख़रीद करने की चरणबद्ध प्रक्रिया आरम्भ हो गई है, प्रक्रिया प्रगति पर है. महीना-डेढ़ महीना में काम शुरू हो जाएगा. इसमें भुईयाडीह ब्राह्मण टोला में जल निकासी की योजना, बाबूडीह, लाल भट्ठा, स्लैग बस्ती, इंदर सिंह बस्ती तथा जोजोबेडा आदि इलाक़े में लागू होने वाली पेयजलापूर्ति की योजनाएं शामिल हैं. इस मीटिंग में तय किया गया कि मोहरदा पेयजलापूर्ति की सभी टंकियों की 12 वर्ष बाद सफ़ाई करने का काम पूरा कर लेने के बाद जमशेदपुर के लीज़ क्षेत्रों की तरह मोहरदा, बारीडीह, बागुनहातु, बागुननगर, बिरसानगर में भी स्वच्छ जलापूर्ति करने और परियोजना को सुदृढ करने एवं विस्तारित करने का काम प्रगति पर है. लीज़ क्षेत्र के विभिन्न इलाक़ों की कॉलोनियों के भीतर की सड़कों के निर्माण एवं मरम्मत की दो दर्जन से अधिक सूची विधायक सरयू राय ने उन्हें सौंपा. (नीचे भी पढ़ें)
बताया गया कि जेम्को इलाका में तार कंपनी की बाउंड्री वाल को पीछे हटाकर सड़क को पर्याप्त चौड़ा करने की योजना भी स्वीकृत हो गई है. इस पर किसी भी दिन काम शुरू हो सकता है. विधायक सरयू राय ने कहा कि जमशेदपुर के अलग-अलग इलाक़ों से गुजर रहे क़रीब आधा दर्जन बड़े नालों की सफ़ाई करने, इन नालों में घरों के सिवरेज नहीं गिरे इसकी व्यवस्था करने तथा नालों का पानी मुहल्लों में नहीं घुसे इसके लिए जेएनएसी से मिलकर योजनाएँ बनाने पर भी वार्ता हुई ताकि जमशेदपुर को बेहतर और स्वच्छ शहर बनाया जा सके और यहाँ का जनजीवन बेहतर किया जा सके. विधायक सरयू राय ने सुझाव दिया कि बिजली, पानी, सड़क, सफ़ाई आदि जनसुविधाएँ बेहतर हो सकें इसके लिए कम्पनी, सरकार का बिजली विभाग और जेएनएसी मिलकर समन्वय समिति बने जिसकी नियमित बैठकें हों. इस कार्यकारी समन्वय की दिशा में मेरा प्रयत्न जारी है ताकि 20-25 वर्षों से लंबित पड़े हुए कार्यों को जनहित में त्वरित गति से पूरा किया जा सके.





