
जमशेदपुर : टाटा संस और टाटा स्टील के संस्थापक जमशेदजी नसरवानजी टाटा के जन्मदिवस को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गयी है. इस बार के संस्थापक दिवस कुछ बदला हुआ दिखेगा. टाटा संस के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन और एमिरट्स चेयरमैन जमशेदपुर नहीं आये है. पारिवारिक कारणों से श्री चंद्रशेखरन नहीं आ रहे है. इस बार के संस्थापक दिवस समारोह में टाटा स्टील के वाइस चेयरमैन नोएल एन टाटा मुख्य अतिथि के तौर पर होंगे. वे जमशेदपुर में आकर नये तोहफे को समर्पित करेंगे. टाटा स्टील के मुख्य गेट पर 3 मार्च को कार्यक्रम में वे शामिल होंगे. नोएल टाटा रतन टाटा के सौतेले भाई है. उनके ही बेटे और बेटी अगली पीढ़ी में आने वाले है. (नीचे भी पढ़ें)

टाटा स्टील में पहली बार 1932 में मनाया गया था संस्थापक दिवस
टाटा स्टील द्वारा पहली बार संस्थापक दिवस समारोह 3 मार्च 1932 को मनाया गया था. इसकी परिकल्पना सबसे पहले डीएम मदन ने की थी. शुरुआत से ही इस समारोह ने समग्र रूप से कंपनी के प्रति व्यापक वफादारी के साथ विभागीय उत्साह भरने के पैटर्न का अनुसरण किया. संस्थापक दिवस ने पूरे स्टाफ के प्रत्येक सदस्य को उस दूरदर्शी की स्मृति के प्रति अपने सम्मान को व्यक्त करने का अवसर प्रदान किया, जिनकी आस्था और निर्णय, ऊर्जा और दृढ़ता के स्थायी गवाह जमशेदपुर और इसकी परिधि में मौजूद वर्क्स और शहर हैं. यह दुखद लेकिन दिलचस्प है कि 1939 में जब पूरा देश हमारे संस्थापक की शताब्दी समारोह में उत्साहपूर्वक व्यस्त था, जमशेदपुर में 3 मार्च को श्रमिक संघ द्वारा पैदा की गई गड़बड़ी के कारण कोई कार्यक्रम आयोजित नहीं हुआ था. अगला महत्वपूर्ण वर्ष 1958 था, जो टाटा स्टील की स्वर्ण जयंती का वर्ष था.

प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि थे. स्वर्ण जयंती समारोह 1 और 2 मार्च 1958 को आयोजित हुआ. प्रधानमंत्री नेहरू एक दिन पहले 2 तारीख को वापस लौट गए और संस्थापक दिवस देखने के लिए नहीं रुके. हमेशा की तरह 3 मार्च 1958 को संस्थापक दिवस समारोह में झांकियों का काफिला देखा गया, ये झांकियां श्रमिकों द्वारा कई दिनों के श्रम का परिणाम थीं. रंग बिरंगी, सरल और आकर्षक झांकियों ने सड़क पर कतार में खड़ी भीड़ से तालियां बटोरी. 1967 डायमंड जुबिली वर्ष था. संस्थापक दिवस समारोह हमेशा की तरह समय की कसौटी पर खरे उतरे. 1982 में टाटा स्टील 75 साल की हो गई. संस्थापक दिवस समारोह प्लेटिनम जुबली समारोह के साथ मनाया गया. इस अवसर पर प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी मुख्य अतिथि थीं. (नीचे भी पढे़ें)
टाटा स्टील ने 1989 में जेएन टाटा की 150वीं जयंती मनाई. इस साल के संस्थापक दिवस को अभी भी टाटा स्टील के इतिहास में सबसे दुखद दिन माना जाता है. आग लगने की एक घटना ने कई लोगों की जान ले ली. संस्थापक दिवस शुरू होने के बाद पहली बार, 1990 में संस्थापक दिवस समारोह नहीं मनाया गया. 2004 संस्थापक की मृत्यु और जेआरडी टाटा तथा नवल टाटा की जन्म शताब्दी थी. समारोह में सभी महापुरुषों को श्रद्धांजलि दी गई. 2007 शताब्दी वर्ष था. इसी साल कोरस टाटा स्टील का हिस्सा बना था. फिलिप वरिन और जिम लेंग जैसे वरिष्ठ कोरस अधिकारी संस्थापक दिवस समारोह में शामिल हुए.



