बहरागोड़ा: बहरागोड़ा प्रखंड के गुहियापाल स्थित बाबा सत्यनाथ (शिव) मंदिर के 100 साल पूर्ण होने पर बुधवार से पांच दिवसीय धार्मिक अनुष्ठान का शुभारंभ हुआ. सुबह कुंड मंडलाद निर्माण, दोपहर में पंचगव्य शोधन, बीनू उत्सर्ग, अधिवास व अंकुरारोपण विधि-विधान के साथ संपन्न हुआ. ओडिशा व स्थानीय 11 पुजारीयों की मंडली धार्मिक अनुष्ठान को वैदिक मंत्रोचारण के साथ पूरी कर रहे है. अनुष्ठान में 16 मौजा के लोग जुटे हैं. क्षेत्र में उत्सव का माहौल है. इस पांच दिवसीय महोत्सव की शुरुआत कलश यात्रा से हुई, जिसमें श्रद्धालु पवित्र स्वर्णरखा नदी के तट पर एकत्रित हुए. भक्ति के आनंद से भरी इस यात्रा में 2000 से अधिक श्रद्धालु पहुंचे. (नीचे भी पढ़े)
श्रद्धालु सुबह से ही ज्योति पहाड़ी स्थित पवित्र स्वर्णरखा नदी के तट पर एकत्रित होने लगे थे. साथ ही मंत्रोच्चार और वैदिक रीति-रिवाज से पूजन के बाद, 501 कलशों में जल भरकर श्रद्धालुओं का काफिला मंदिर की ओर बढ़ा. कलश धारण किए महिलाएं और ‘बम भोले’ के जयकारे लगाते युवाओं के उत्साह ने तपती राहों को भी भक्ति के आनंद से भर दिया. वहीं यात्रा का मुख्य आकर्षण गाजे-बाजे और पारंपरिक ढोल-मंजीरों की थाप रही. जैसे-जैसे यात्रा आगे बढ़ी, संकीर्तन की मधुर ध्वनि पर श्रद्धालु झूमते नजर आए. पूरे रास्ते में बाबा सत्यनाथ के जयघोष से वातावरण गुंजायमान रहा.




