रामगोपाल जेना/चाईबासा : जिला समाहरणालय सभागार में उपायुक्त चंदन कुमार की अध्यक्षता में समेकित बिरसा ग्राम विकास योजना-सह-कृषक पाठशाला के सतत अनुश्रवण के लिए गठित जिला स्तरीय समिति की बैठक आयोजित हुई. बैठक में विभिन्न चरणों के तहत संचालित कृषक पाठशालाओं की प्रगति की समीक्षा की गई. इसमें वर्ष 2021-22 के तहत झींकपानी प्रखंड (प्रथम चरण), वर्ष 2022-23 के तहत मंझारी (द्वितीय चरण) एवं सोनुआ (तृतीय चरण) एवं वर्ष 2025-26 के अंतर्गत मनोहरपुर प्रखंड (चौथा चरण) में चल रहे कार्यों का आकलन किया गया. उपायुक्त ने कार्यकारी एजेंसियों के प्रतिनिधियों से अब तक संपादित कार्यों एवं आधारभूत संरचना निर्माण की विस्तृत जानकारी ली और सभी कार्यों को समयसीमा के भीतर पूरा करने का निर्देश दिया. साथ ही, जिला कृषि पदाधिकारी को नियमित निरीक्षण एवं अनुश्रवण सुनिश्चित करने को कहा. (नीचे भी पढ़ें)

उन्होंने कहा कि यह योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसके माध्यम से किसानों को स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप प्रशिक्षण देकर आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है. डीपीआर के अनुसार जिले में चल रही परियोजनाएं झींकपानी प्रखंड में 80%, मंझारी में 75%, सोनुवा में 80%, मनोहरपुर में 50% कार्य पूर्ण हो चुके हैं. जिले में योजना के तहत घेराबंदी एवं तालाब निर्माण, डीप बोरिंग एवं सिंचाई व्यवस्था, पशु शेड एवं विद्युतीकरण, प्रशिक्षण इकाई एवं भंडारण गोदाम, कोल्ड स्टोरेज निर्माण, मधुमक्खी पालन बॉक्स की खरीद, फलदार वृक्षारोपण जैसे कार्य किये जा रहे हैं. उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि इन सभी कार्यों का उद्देश्य किसानों की आय बढ़ाना एवं उन्हें आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़ना है.




