जमशेदपुर : टाटा स्टील प्रबंधन ने विभिन्न संयंत्रों व कार्यस्थलों पर प्रोजेक्ट इनेबलिंग गतिविधियों के दौरान निकलने वाले प्रोजेक्ट डिमोलिशन स्क्रैप (ध्वस्तीकरण स्क्रैप) के त्वरित निपटारे और इससे जुड़ी पेचीदगियों को दूर करने के उद्देश्य से एक नयी उच्चस्तरीय समिति का गठन किया है. चीफ पीएंडसी सीओबीपी एंड बीपीपी दिनेश सिंह को समिति का अध्यक्ष बनाया गया है. समिति में विभिन्न विभागों के प्रमुख अधिकारियों को सदस्य के रूप में शामिल किया गया है. (नीचे भी पढ़ें)
इनमें विष्णु शंकर पाढ़ी (चीफ पीएंडसी प्लेट मिल टीएसके प्रोजेक्ट), बिकेश कुमार सिंह (हेड पीएंडसी मशीन, सीओबीपी), दीपक कुमार सिंह (हेड पीएंडसी सिविल – एसडीआई एंड ईएम टीएसजे), दीपक घोष (हेड कंस्ट्रक्शन सिविल, सीओबीपी) और सुमन कुमार मंड्याल (चीफ प्रोजेक्ट्स एंड कंस्ट्रक्शन टीएसएम) हैं. इसके अलावा अनिल कुमार, अनुपम मंडल, अश्विनी कुमार, विश्वजीत पाल, जदबेंद्र पति और निखिल खरे को समिति में स्थायी आमंत्रित सदस्य की जिम्मेदारी दी गयी है. सुरजीत सेन (सीनियर एरिया मैनेजर सेल्स कैपिटल आइटम्स, झारखंड) को संयोजक (कन्वीनर) और मोहित राज (मैनेजर बाय-प्रोडक्ट सेल्स एंड मिसलेनियस, टीएसजे) को सह-संयोजक (को-कन्वीनर) नियुक्त किया गया है. यह नयी समिति भारत में टाटा स्टील लिमिटेड (टीएसएल) के सभी कार्यस्थलों पर प्रोजेक्ट डिमोलिशन के दौरान निकलने वाले स्क्रैप के प्रबंधन का कार्य देखेगी. (नीचे भी पढ़ें)
समिति का मुख्य कार्य नीलामी दरों (ऑक्शन रेट्स) को मंजूरी देने के साथ-साथ डिमोलिशन स्क्रैप की बिक्री के लिए सही और उचित मूल्य निर्धारित करने में आइबीएमडी को मार्गदर्शन प्रदान करना होगा. जरूरत पड़ने पर समिति अन्य सदस्यों को भी अपने साथ जोड़ने के लिए स्वतंत्र रहेगी.





