जमशेदपुर : जमशेदपुर के एमजीएम अस्पताल के सरकारी आवासों पर अनधिकृत रूप से रह रहे लोगों की मुश्किलें बढ़ने वाली हैं. अस्पताल प्रबंधन ने साकची स्थित नर्स क्वार्टर की 68 इकाइयों और टीबी अस्पताल परिसर के समीप बने चार सरकारी आवासों को खाली कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी है. गुरुवार को प्रबंधन की टीम ने इन आवासों का निरीक्षण कर अवैध रूप से रह रहे लोगों की पहचान की. जांच के दौरान कई चौंकाने वाली जानकारियां सामने आईं. बताया गया कि नर्स क्वार्टर में यूनियन नेताओं के अलावा चतुर्थवर्गीय कर्मचारी और डॉक्टर भी कब्जा जमाए हुए हैं. वहीं, टीबी अस्पताल के पास स्थित चार आवासों में भी अनधिकृत लोगों का रहना पाया गया. इनमें एक क्वार्टर पर यूनियन के एक नेता का कब्जा बताया जा रहा है, जहां उनके दोस्त और रिश्तेदार रह रहे हैं. (नीचे भी पढ़ें)
अस्पताल अधीक्षक डॉ. बलराम झा ने स्पष्ट किया है कि चिह्नित सभी लोगों को पहले नोटिस देकर आवास खाली करने का निर्देश दिया जाएगा. इसके लिए निर्धारित समय सीमा तय की जाएगी. इसके बावजूद आवास खाली नहीं करने वालों के खिलाफ जिला प्रशासन के सहयोग से कार्रवाई की जाएगी और सरकारी क्वार्टरों को कब्जामुक्त कराया जाएगा. जांच में सरकारी आवासों के रखरखाव और बिजली-पानी के खर्च को लेकर भी गंभीर अनियमितता सामने आई है. प्रबंधन के अनुसार, कई आवासों में रहने वाले लोग बिजली और पानी का बिल जमा नहीं कर रहे हैं. इसके बावजूद कुछ घरों में दो से तीन एसी समेत कई बिजली के उपकरणों का इस्तेमाल किया जा रहा है. इससे अस्पताल प्रबंधन पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है. गौरतलब है कि अस्पताल प्रबंधन इससे पहले साकची स्थित डॉक्टर हॉस्टल में भी अवैध रूप से रह रहे जूनियर डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई कर आवास खाली करा चुका है. अब प्रबंधन ने नर्स क्वार्टर और टीबी अस्पताल के समीप स्थित सरकारी आवासों को भी कब्जामुक्त कराने का अभियान शुरू कर दिया है.












