जमशेदपुर: आदिवासी बच्चों की शिक्षा के सहयोगार्थ फ्रेंड्स ऑफ ट्राइबल्स सोसाइटी (एफटीएस), जमशेदपुर चैप्टर की ओर से हास्य नाटक डैड्स गर्लफ्रेंड्स का मंचन 24 अक्टूबर को होने जा रहा है. यह कार्यक्रम शनिवार की शाम 05 (पांच) बजे से कुसुम कमानी ऑडिटोरियम, नरभेराम स्कूल, बिष्टुपुर में आयोजित होगा. इसमें प्रसिद्ध कलाकार शैलेश लोढ़ा एवं उनके समूह द्वारा लगभग दो घंटे तक मेगा थिएटर नाटक प्रस्तुत किया जायेगा. इस नाटक के लेखक एवं निर्देशक अतुल सत्य कौशिक हैं. इस संबंध में गुरूवार को एफटीएस के अधिकारियों ने शास्त्रीनगर स्थित एक होटल में मीडिया से बातचीत करते हुए आगे बताया कि कार्यक्रम में प्रवेश पास के माध्यम से होगा. संस्था ने बताया कि इस कार्यक्रम के लिए सभी पास जारी किए जा चुके हैं, जो शहरवासियों के उत्साह एवं इस सामाजिक पहल के प्रति उनके सहयोग को दर्शाता है. क्योंकि लगभग दो घंटे की अवधि वाला यह नाटक दर्शकों को मनोरंजन के साथ-साथ एक सामाजिक उद्देश्य से जुडने का अवसर प्रदान करेगा. प्रेस कॉन्फ्रेंस में एफटीएस के पदाधिकारियों ने बताया कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य दूरदराज के ग्रामीण एवं जनजातीय क्षेत्रों में रहने वाले बच्चों की शिक्षा को बढ़ावा देना तथा एकल विद्यालयों के संचालन में सहयोग जुटाना है. उन्होंने कहा कि डैड्स गर्लफ्रेंड्स नाटक के आयोजन के माध्यम से मनोरंजन को समाजसेवा से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक लोग आदिवासी बच्चों की शिक्षा के इस अभियान से जुड़ सकें. (नीचे भी पढ़े)

संवाददाता सम्मेलन में कार्यक्रम संयोजक विजय मितल एवं जितेंद्र अग्रवाल सहित अध्यक्ष राजेश मित्तल, कार्यकारी अध्यक्ष सुनील बागड़िया, सचिव संजय गोयल, कोषाध्यक्ष मनीष मूनका, उपाध्यक्ष अभिषेक गर्ग, संयुक्त सचिव चांद कांवटिया, एफटीएस युवा समिति अध्यक्ष सौरव सोंथालिया, महिला समिति सचिव प्रियंका अग्रवाल, आंचल प्रभारी नीलम केडिया तथा मेडिकल कैंप प्रभारी कमल गुप्ता आदि प्रमुख रूप से उपस्थित थे. सभी पदाधिकारियों ने आदिवासी बच्चों की शिक्षा को समाज की सामूहिक जिम्मेदारी बताते हुए अधिकाधिक लोगों से इस अभियान में सहभागी बनने की अपील की. मालूम हो कि फ्रेंड्स ऑफ ट्राइबल्स सोसाइटी एक सामाजिक संस्था है, जो ग्रामीण एवं जनजातीय क्षेत्रों के वंचित बच्चों तक शिक्षा पहुंचाने के लिए कार्यरत है. संस्था के एकल विद्यालय कार्यक्रम के अंतर्गत दूरदराज के गांवों में एक शिक्षक के माध्यम से बच्चों को बुनियादी शिक्षा प्रदान की जाती है, जहां शैक्षणिक सुविधाओं की उपलब्धता सीमित है. संस्था से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, देशभर में लगभग 87,000 एकल विद्यालया संचालित हो रहे हैं.वहीं, जमशेदपुर चैप्टर के अंतर्गत लगभग 170 एकल विद्यालय संचालित हैं. इन विद्यालयों के माध्यम से बच्चों को बुनियादी शिक्षा के साथ-साथ संस्कार,अनुशासन, स्वच्छता एवं सामाजिक जागरूकता की शिक्षा भी प्रदान की जाती है.







