जमशेदपुर : जमशेदपुर के बागबेड़ा लाल बिल्डिंग के रहने वाली अंजली कुमारी उर्फ छोटी (20) को आत्महत्या के लिए प्रेरित करने के मामले में आरोपी बिष्टुपुर सीएच एरिया निवासी कल्याणी एसोसिएट्स के मालिक शुभंकर चटर्जी उर्फ बम चटर्जी की अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए जमशेदपुर कोर्ट के एडीजे -4 राजेंद्र कुमार सिन्हा की अदालत ने मंगलवार को खारिज कर दी. अदालत ने अपने फैसले में कहा कि 30 दिनों के अंदर निचली अदालत में आत्मसमर्पण करें. 21 जून 2023 की सुबह 9 बजे अंजली ने अपने घर पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी. इस संबंध में मृतका के पिता श्रवण कुमार सिंह ने बागबेड़ा थाने में सुभंकर के खिलाफ बेटी को आत्महत्या के लिए प्रेरित करने का आरोप में एफआईआर दर्ज कराई थी.(नीचे भी पढ़े)
श्रवण का कहना था कि अंजली सुभंकर के यहां पिछले तीन वर्ष से कल्याणी एसोसिएट्स में लोन डिपार्टमेंट में काम करती थी. घटना के छह माह पहले वह काम छोड़ चुंकी थी. लेकिन सुभंकर चटर्जी उसे लगातार फोन पर धमकी देकर प्रताड़ित करते थे. शुभंकर के प्रताड़ित से तंग होकर अंजली ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली हैं. मामले की सूचक श्रवण कुमार और आरोपी शुभंकर के बीच समझौता हो गया हैं, अदालत में जमानत याचिका सुनवाई के दौरान दोनों पक्ष से समझौता (सुलाहनामा) भी दाखिल किया गया था. लेकिन कोर्ट ने पाया कि भादवि की धारा 306 (आत्महत्या के लिए प्रेरित) करने की धारा सुलह योग्य नहीं हैं, ऐसे में अदालत ने आरोपी शुभंकर चटर्जी की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दिया.






