शार्प भारत डेस्क : नये साल की शुरुआत हो चुकी है. इस दिन घर पर कुछ हो ना हो नये कैलेंडर हम जरूर बदलते है. कैलेंडर से हमें प्रमुख तारीखों, दिन और पर्व त्योहार की जानकारी मिलती है. लेकिन अक्सर लोगों को यह मालूम नहीं होता है कि किस दिशा में कैलेंडर लगाना शुभ होता है. वहीं कुछ लोग तो पुराना कैलेंडर बिना हटाये ही दीवार पर नये कैलेंडर टांग देते है. वास्तु शास्त्र में कैलेंडर लगाने का सहीं तरीका भी बताया गया है. सही दिशा में यदि कैलेंडर लगाया जाये तो प्रगति होती रहती है. वहीं इसे गलत दिशा और स्थान पर टांगने से घर और सदस्यों की तरक्की रुक सकती है. ऐसे में जानते है कैलेंडर टांगने की शुभ और अशुभ दिशा के बारें में- (नीचे भी पढ़ें)
इस दिशा में कैलेंडर लगाना शुभ – वास्तु शास्त्र के अनुसार घर में उत्तर, पश्चिम या पूर्वी दीवार पर कैलेंडर लगाना सही रहता है. उत्तर पूर्व की दीवार आध्यात्मिक जागरूकता, आत्म विश्लेषण और व्यक्तिगत विकास के लिए मानी जाती है. इस इस दिशा में कैलेंडर लगाने से आध्यात्मिक विकास और खुद की जागरूकता बढ़ती है. पूर्व दिशा सूर्य देव की दिशा मानी जाती है. ये तरक्की और नयेपन का संकेत देती है. इसके साथ ही कैलेंडर को दक्षिण-पश्चिम और पश्चिम दिशा में लगाया जा सकता है.
दीवार से जरूर हटाये पुराने कैलेंडर – वास्तु शास्त्र में बताया गया है कि पुराने कैलेंडर को दीवार पर लगाये रखना अच्छा नहीं माना जाता है. इससे जीवन में रुकावट आती है. इसलिए नये कैलेंडर लगाने से पहले दीवार से पुरानी कैलेंडर को हटा दे.
दक्षिण दिशा में भूलकर भी न टांगे नया कैलेंडर – वास्तु शास्त्र में बताया गया है कि दक्षिण दिशा में कैलेंडर टांगने से सकारात्मक उर्जा का प्रवाह बाधित होता है. परिवार के स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ता है. वहीं दरवाजा और खिड़की के ऊपर भी कैलेंडर नहीं टांगना चाहिए.







