रांची : झारखंड के मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन से कांके रोड रांची स्थित मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में लुगू बुरु घांटा बाड़ी धोरोम गाढ़ एवं ‘मरांग बुरु धर्मगाढ़ महा सम्मेलन’ से जुड़े संथाल समाज के एक संयुक्त प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात की. इस अवसर पर मुख्यमंत्री को प्रतिनिधिमंडल ने आगामी 04 एवं 05 नवंबर को मरांग बुरु, मधुबन, पीरटांड़, गिरिडीह में आयोजित ‘मरांग बुरु धर्मगाढ़ महा सम्मेलन’-2026″ तथा 22 से 24 नवंबर को सोहराय कुनामी (कार्तिक पूर्णिमा) के अवसर पर टीटीपीएस ललपनिया, बोकारो में आयोजित होने वाले एवं ’26वां अंतरराष्ट्रीय संथाल सोसियो सरना रिलीजन कांफ्रेंस 2026′ में मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित होने हेतु सादर आमंत्रित किया. (नीचे भी पढ़ें)

प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने मुख्यमंत्री को अवगत कराया कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी इन दोनों महासम्मेलनों का भव्य आयोजन किया जा रहा है. इस पावन अवसर पर देश के विभिन्न राज्यों और विदेशों से भी सरना धर्मावलंबी श्रद्धालु भारी संख्या में जुटेंगे। महासम्मेलन के दौरान आदिवासी संस्कृति, समृद्ध परंपरा, रीति-रिवाज तथा जनजातीय एकता को मजबूत करने पर गहन विचार-विमर्श किया जाएगा. (नीचे भी पढ़ें)

मुख्यमंत्री के समक्ष प्रतिनिधिमंडल में शामिल सदस्यों ने इन दोनों महासम्मेलन के दौरान सभी कार्यक्रमों की रूपरेखा की विस्तृत जानकारी से उन्हें अवगत कराया. मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने प्रतिनिधिमंडल का सहर्ष स्वागत करते हुए इस भव्य आयोजन के लिए अपनी ओर से हार्दिक शुभकामनाएं दीं और महासम्मेलनों के सफल आयोजन की कामना की. इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि “राज्य सरकार आदिवासी संस्कृति, गौरवशाली परंपरा और जन-आस्था के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए पूरी तरह समर्पित है. हमारी पहचान और अस्तित्व को बचाए रखने के लिए ऐसे प्रयास निरंतर जारी रहेंगे. इस अवसर पर (राज्य मंत्री दर्जा प्राप्त) एवं मरांग बुरु बचाओ मोर्चा के अध्यक्ष फागू बेसरा सहित हीरालाल मांझी, सोमई टुडू, महावीर मुर्मू, विष्णु किस्कू, सुरेश हेंब्रम, सुधीर बास्के, बबली सोरेन, भगवान किस्कू, शनिचर बेसरा, लादु मांझी, डॉ डुमनी मयी मुर्मू, सोनाराम मांझी, संथाल समाज के कई गणमान्य सदस्य एवं प्रतिनिधि उपस्थित रहे.





