गालूडीह: गालूडीह बराज के मुख्य गेट के पास सोमवार को स्वर्णरखा परियोजना के अभियंताओं ने भारत रत्न मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया की 164वीं जयंती पर 58वां अभियंता दिवस मनाया. अधीक्षण अभियंता रविकांत चौधरी, कार्यपालक अभियंता बसंत कुमार माझी और जेई ने डॉ विश्वेश्वरैया की तस्वीर पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी. उनके व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला. अभियंताओं ने विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में डॉ विश्वेश्वरैया के योगदान को भारत के लिए वरदान बताया. सभी ने एक दूसरे को मिठाई खिलाकर अभियंता दिवस की शुभकामनाएं दी.(नीचे भी पढ़े)
सभी ने उनके महान कार्यों और देश निर्माण में योगदान को याद करते हुए नमन किया. अधीक्षण अभियंता रविकांत चौधरी ने कि डॉ. विश्वेश्वरैया का जीवन अनुशासन, नवाचार और समर्पण का प्रतीक है. उनके विचार आज भी अभियंताओं को राष्ट्र निर्माण और विकास की दिशा में प्रेरित करते हैं. उन्होंने बताया कि डॉ विश्वेश्वरैया के योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता है. इस मौके पर अधीक्षण अभियंता रविकांत चौधरी, कार्यपालक अभियंता बसंत माझी, कार्यपालक अभियंता रोहित राम, एसडीओ चंदन कुमार, सुमित षांड़गी, अली रिजवान, आभास भारद्वाज, जाफर असद आदि उपस्थित थे.



