
रांची : झारखंड में कांग्रेस लगातार अपनी ही सरकार के खिलाफ कोई न कोई मुद्दे को लेकर आवाज उठा रही है. इस कड़ी में शनिवार को कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर और विधायक दल के नेता आलमगीर आलम समेत कई विधायक मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मुलाकात की. इस मुलाकात के दौरान कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव दीपिका पांडेय सिंह, विधायक अंबा प्रसाद, पूर्णिमा नीरज सिंह, बंधु तिर्की, प्रदीप यादव, भूषण बाड़ा, राजेश कच्छप, विक्सल कोंगाड़ी समेत अन्य लोग मौजूद थे. इन लोगों ने झारखंड में 27 फीसदी आरक्षण ओबीसी को देने और नियुक्ति नियमावली में उभरे विवाद समेत अन्य मामलों को लेकर अपनी आवाज बुलंद की. इन लोगों ने मुख्यमंत्री को बताया कि कांग्रेस ने अपने घोषणा पत्र में पिछड़ी जाति को जनसंख्या के आधार पर 26 फीसदी आरक्षण देने की घोषणा की थी, जिस पर फैसला अब लेना चाहिए. इसके अलावा राज्य में भाषायी विवाद पर कांग्रेस ने भी अपना रुख साफ कर दिया और कांग्रेस विधायकों ने साफ तौर पर मुख्यमंत्री को कह दिया कि नियुक्ति नियमावली में हिंदी, भोजपुरी, मैथिली, मगही और अंगिका को शामिल कर लिया जाये. इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि वे सारे मसले को खुद देखेंगे और कोविड के कारण कार्यों में आयी रफ्तार के कारण फिर से गति काम में दी गयी है, जिससे कामकाज लोगों को भी दिख सके. इस दौरान यह भी तय किया गया कि राज्य सरकार साझा कार्यक्रम (कॉमन मिनिमम प्रोग्राम) तय करेगी, जिसके तहत सरकार काम करेगी. इसके लिए सरकार में शामिल दलों के नेताओं और विधायकों को जिम्मेदारी दी जायेगी. सारे लोग एक साथ बैठकर जल्द ही प्राथमिकताएं तय कर दी जायेगी. इस दौरान कांग्रेस के विधायकों ने मुख्यमंत्री के समक्ष अपनी मान-सम्मान का मुद्दा भी उठाया और बताया कि लगातार सरकारी अधिकारी और पुलिस के लोग विधायकों को ही निशाना बनाकर काम कर रहे है. ऐसे चीजों को ध्यान देने की जरूरत है. इन लोगों ने राज्य में विस्थापन आयोग का जल्द गठन करने और पंचायत चुनाव भी जल्द कराने की मांग को रखी, जिस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इन दोनों विषयों पर काम चल रहा है. मुख्यमंत्री ने जल्द ही बोर्ड और निगम का गठन करने का आश्वासन दिया और कहा कि बोर्ड और निगम के नामों की घोषणा जल्द कर दी जायेगी. विधायक दल के नेता आलमगीर आलम ने बताया कि काफी सौहार्दपूर्ण वातावरण में बातचीत हुई है और सारी चीजों को गंभीरता से लेकर काम करने का आश्वासन दिया गया है. ह













