जमशेदपुर : टाटा स्टील के चीफ फाइनांसियल ऑपरेशन व बिजनेस फाइनांस संदीप भट्टाचार्य ने एक सरकुलर जारी किया है. इस सरकुलर के तहत टाटा स्टील ने अपने कर्मचारियों को बताया है कि इपीएफओ के आदेश के मुताबिक, कैसे कोई कर्मचारी अपना इपीएफओ का फार्म भर सकता है. इपीएस यानी उच्च पेंशन के संयुक्त विकल्प के फार्म भरने के लिए एक यूआरएल को जारी किया है. 1 सितंबर 2014 से पहले या 1 सितंबर 2014 तक इपीएफओ के सदस्य बने रहे, उनको संयुक्त विकल्प फार्म जमा करने को कहा गया है. (नीचे भी पढ़ें)
टाटा स्टील ने अपने कर्मचारियों को बताया है कि किस तरह इस विकल्प फार्म को भरा जा सकता है. कंपनी ने कहा है कि इपीएफओ वेबसाइट के माध्यम से संयुक्त विकल्प फॉर्म जमा करते समय कर्मचारियों और पूर्व कर्मचारियों को अपलोड करने के लिए कई दस्तावेजों सहित कुछ जानकारी की आवश्यकता होती है. वैसे कर्मचारी या पूर्व के कर्मचारी है तो वे लोग सैप फ्योरी के माध्यम से इंप्लाइ सेल्फ हेल्प के माध्यम से अपना प्रोसेस कर सकते है या फिर पूर्व कर्मचारी एल्यूमनाइ वेबसाइट पर जाकर अपने सारे नियम देख सकते है. (नीचे भी पढ़ें)
पूर्ण वेतन पर अंशदान के लिए इपीएस योजना की धारा 26(6) के तहत आवश्यक अनुमति-यह एक वैकल्पिक क्षेत्र है. टाटा स्टील पीएफ ट्रस्ट द्वारा कवर किए गए कर्मचारियों को यह अनुमति जमा करने की आवश्यकता नहीं है. वर्तमान में कार्यरत कर्मचारी विकल्प भरने की तिथि पर पीएफ खाते की शेष राशि और उसी के लिए प्रासंगिक दस्तावेजी प्रमाण एसएपी फियोरी में उपलब्ध पीएफ योगदान को दिखाते हुए पीएफ स्टेटमेंट को जमा किया जाना है. यह पूर्व कर्मचारियों के लिए लागू नहीं है. भुगतान की तिथि तक देय ब्याज सहित योगदान जमा करने के लिए सदस्य द्वारा अंडरटेकिंग-टाटा स्टील पर्याप्त पीएफ कॉर्पस वाले मौजूदा कर्मचारियों के लिए इपीएस में आवश्यक योगदान को हटा देगा. (नीचे भी पढ़ें)
अपर्याप्त पीएफ कॉर्पस वाले वर्तमान कर्मचारियों के लिए, अंतर इपीएस योगदान जमा प्रक्रिया को इपीएफओ द्वारा अधिसूचित किए जाने पर सूचित किया जाएगा (आज तक इस विषय पर कोई स्पष्टता नहीं है). पूर्व कर्मचारियों को सीधे आरपीएफसी को योगदान का भुगतान करने की आवश्यकता है. सारे विकल्प ऑनलाइन ही भरना होगा. कर्मचारियों को ध्यान देना चाहिए कि एक बार इस विकल्प का प्रयोग करने के बाद ‘हाउस बिल्डिंग लोन’ (घर/फ्लैट की खरीद और निर्माण और जमीन की खरीद) और ‘रिटायरमेंट बेनिफिट लोन’ के तहत किसी भी गैर-वापसी योग्य ऋण प्रसंस्करण के लिए पीएफ बैलेंस पर रोक लगेगी, जो नियोक्ता पीएफ अंशदान पर निर्भर हैं. (नीचे भी पढ़ें)
इपीएस के लिए सभी भविष्य के परिवर्तन पूर्ण वेतन (मूल प्लस डीए) पर अनुमोदन की तारीख से शुरू किए जाएंगे या जैसा कि आरपीएफसी द्वारा सूचित किया जा सकता है. इच्छुक और पात्र सदस्यों को ऑनलाइन संयुक्त विकल्प जमा करते समय ईपीएफओ दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन करने की सलाह दी जाती है और अनुरोध किया जाता है कि 30 अप्रैल तक इसे जमा करें. इसको भरने के दौरान सावधानी बरतने को कहा गया है. कर्मचारियों को कहा गया है कि केवल संयुक्त विकल्प प्रस्तुत करने से उच्च पेंशन का कोई अधिकार नहीं मिलता है और यह इपीएफओ प्राधिकरण के अंतिम निर्णय के अधीन है. (नीचे भी पढ़ें)
कंपनी आरपीएफसी या किसी अन्य संबंधित प्राधिकरण द्वारा संयुक्त विकल्प फॉर्म के अनुमोदन के लिए कोई दायित्व या दायित्व नहीं लेती है. टीएसएल बढ़ी हुई पेंशन के भुगतान की तारीख और तरीके के लिए उत्तरदायी नहीं होगा क्योंकि यह इपीएफओ और संबंधित अधिकारियों के पूर्ण विवेक और नियंत्रण में है. पूर्व कर्मचारियों के मामले में, टीएसएल डायवर्ट की जाने वाली राशि को जमा करने के लिए डेटा और समय-सीमा की सटीकता के लिए कोई ज़िम्मेदारी नहीं लेता है. यह कर्मचारी भविष्य निधि (विविध प्रावधान) अधिनियम, 1952 के अनुसार अधिकारियों द्वारा लगाए गए किसी भी परिणामी क्षति या ब्याज के लिए उत्तरदायी नहीं होगा.












