
जमशेदपुर : जमशेदपुर के उपायुक्त सूरज कुमार को जमशेदपुर पूर्वी के विधायक सरयू राय ने एक पत्र लिखा है. सरयू राय ने अपने पत्र में कहा है कि जमशेदपुर पूर्वी विधानसभा क्षेत्र का बड़ा भू-भाग टाटा स्टील लिमिटेड के पट्टा क्षेत्र में है, जिसके अंतर्गत अत्यंत घनी बस्तियां हैं. भुइयांडीह के छायानगर से लेकर लाल भट्ठा के बीच दर्जन भर बस्तियां अवस्थित हैं, जिनमें पानी, बिजली, साफ-सफाई आदि जन सुविधाएं देने की जिम्मेदारी कम्पनी की है, जो टाटा लीज नवीकरण समझौता-2005 से आच्छादित है. इसके अतिरिक्त कई छोटी-बड़ी बस्तियां इस क्षेत्र के विभिन्न इलाकों में बसी हुई हैं, जिनमें जन सुविधाएं देने की जिम्मेदारी टाटा स्टील लिमिटेड की शत-प्रतिशत इकाई जुस्को उठा रही है. पट्टा क्षेत्र से बाहर के बस्ती समूहों में यह जिम्मेदारी जमशेदपुर अक्षेस एवं अन्य सरकारी प्रतिष्ठानों की है. श्री राय ने कहा है कि विगत डेढ़ वर्ष से वे लगातार प्रयास कर रहे है कि इन बस्तियों में जन सुविधाओं की स्थिति, खासकर पानी-बिजली आपूर्ति एवं साफ-सफाई सुविधा की स्थिति बेहतर हो और व्यापक हो. इसके लिये अनेक बार जुस्को के विभिन्न स्तर के अधिकारियों के साथ औपचारिक बैठकें हुईं. समय-समय पर अनौपचारिक वार्ता भी होते रहती है. फरवरी 2020 की एक बैठक में जुस्को ने इस बारे में एक प्राथमिकता सूची सौंपी, जिसमें विभिन्न रंगों में विविध प्राथमिकताएं चिन्हित की हुई थी. श्री राय ने कहा है कि वर्ष 2020 तो कोविड की आपाधापी में बीत गया. इस अवधि में भी जन सुविधाओं के उन्नयन के बारे में जुस्को से निरंतर संपर्क होते रहा. कोविड की स्थिति में थोड़ा सुधार हुआ तो पूर्व की प्राथमिकताओं के अनुरूप हो चुके कार्यों के क्रियांवयन, शेष कार्यों की प्रगति एवं अतिरिक्त कार्यों की प्राथमिकताओं के बारे में इन्होंने 2021 के आरम्भ में पुनः पूर्ववत एक प्राथमिकता सूची उपलब्ध कराया और इसके अंतर्गत चिन्हित कार्यों के त्वरित निष्पादन का भरोसा दिलाया. परंतु क्षेत्र भ्रमण के दौरान प्राप्त सूचनाओं से पता चलता है कि संबंधित कार्यों के क्रियान्वयन के बारे में जुस्को तत्परता नहीं बरत रही है. इनकी तकनीकी विशेषज्ञ टीम के साथ हुए क्षेत्र भ्रमण और बैठकों में हुए निर्णय भी क्रियान्वित नहीं हो रहे हैं. दूसरी ओर कतिपय गंभीर समस्याओं के समाधान हेतु चिन्हित भूमि को संरक्षित रखना भी कठिन हो रहा है. इसका उल्लेख डीसी के साथ हुई बातचीत में बताया जा चुका है. सरयू राय ने कहा है कि वे महसूस कर रहे है कि जुस्को प्रबंधन तय प्राथमिकताओं को पूरा करने हेतु निर्धारित समय सारिणी के प्रति गंभीर नहीं है, टाल-मटोल कर रहा है, जिस कारण आम जन की कठिनाइयां दूर नहीं हो पा रही हैं. लंबे समय से कठिनाई झेल रहे लोगों के बीच यह व्यथा और आक्रोश का कारण बन रही है. टाटा लीज नवीकरण समझौता-2005 में किसी शिकायत केन्द्र की व्यवस्था का प्रावधान नहीं होने के कारण मैं यह विषय आपके सामने रख रहा है. इसका शीघ्र समाधान करायें ताकि जुस्को जनसुविधाएं उपलब्ध कराने का दायित्व तत्परता से, निष्पक्षता से और मानवीय संवेदना के साथ निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करे. श्री राय ने कहा है कि इस मामले में पहले ही काफी विलंब हो चुका है और अधिक विलंब अब स्वीकार्य नहीं होगा. आगामी 15 अगस्त के पहले इस बारे में ठोस कार्य आरम्भ कराने की पहल करने की अपेक्षा है. श्री राय ने कहा है कि नगरपालिका सेवाओं के संदर्भ में जमशेदपुर एवं यहां के लोगों की स्थिति में उन्नयन के संबंध में टाटा स्टील लिमिटेड और अक्षेस के कार्यों एवं कार्यक्षेत्र की एक स्पष्ट अवधारणा भी सामने आनी चाहिये.



