चाकुलिया: भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ दिनेशानंद गोस्वामी सोमवार को चाकुलिया के गदराशोल और कालियाम गांव पहुंचे और शनिवार देर रात जंगली हाथियों के उपद्रव से पीड़ित लोगों से मिले. गदराशोल और कालियाम गांव के लोगों ने अपनी आपबीती सुनाया. लोगों ने डॉ गोस्वामी से कहा कि हाथियों के दहशत से लोग रातजगा करने को मजबूर हैं. कालियाम गांव के कई किसानों के धान के खेतों में उगाये गए धान को हाथियों ने रौंद डाला. बांस बगानों को नष्ट कर दिए है. अब तो हाथियों के झुंड पक्के मकानों को भी तोड़ने लगे है. इन हाथी प्रभावित गांवों के किसान इस वर्ष खेती नहीं करने का मन बनाये हुए हैं.(नीचे भी पढ़े)
हाथियों के द्वारा ग्रामीणों के घर और फसल नष्ट करने का मुआवजा देने में वन विभाग उदासीन रवैया अपनायी हुई है. वन विभाग ने ग्रामीणों को अपने भाग्य भरोसे छोड़ दिया है. गांवों में हाथियों के मूवमेंट करने की स्थिति में ग्रामीणों के द्वारा वन विभाग को सूचित करने पर भी वन विभाग के कर्मी सक्रिय नहीं होते है. जंगली हाथियों के उपद्रव से विगत 2 महीनों में 8 लोगों की जानें गई. दर्जनों मकानों को हाथियों ने क्षतिग्रस्त कर डाले. 100 एकड़ से अधिक धान के फसलों को हाथियों ने रौंद डाला है. डॉ गोस्वामी ने कहा कि वन विभाग ग्रामीणों को अपने आत्मरक्षा के लिए टार्च, पटाखे और मशाल भी पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध कराने में बिफल रहा है. मौके पर दिलीप महतो, रमानाथ महतो ,बाघराय मांडी, करण किस्कू समेत अन्य उपस्थित थे.



