जमशेदपुर : इंडियन इंस्टीच्यूट ऑफ मैटेरियल मैनेजमेंट (आइआइएमएम) की जमशेदपुर शाखा का जमशेदपुर के रूसी मोदी सेंटर फॉर एक्सीलेंस में वार्षिक आम सभा (एजीएम) हुई. इस मौके पर संस्थान के अध्यक्ष सिद्धार्थ दास ने उपस्थित सभी सदस्यों का स्वागत किया. अपने स्वागत भाषण में उन्होंने वर्तमान वैश्विक बाजार में आपूर्ति श्रृंखला प्रबंधन और रसद के महत्व पर बल दिया. एआइ, ब्लॉकचेन तकनीक और बाजार के वैश्वीकरण ने उद्योगों और बाजार के लिए एक बड़ी चुनौती पैदा कर दी है. यह महत्वपूर्ण है कि नई पीढ़ी के युवा उभरते रुझानों से अच्छी तरह परिचित हों. वैश्विक टैरिफ युद्ध एक और बड़ा मुद्दा है जिसके लिए भारत नए बाजारों की खोज कर रहा है.(नीचे भी पढ़े)
ऐसी स्थिति में, हमारे शैक्षिक कार्यक्रम पीजीडीएमएम, पीजीडीएल और एससीएम औरअन्य अंतर्राष्ट्रीय कार्यक्रम इस स्थिति से प्रभावी और कुशलतापूर्वक निपटने के लिए सबसे उपयुक्त हथियार हैं. सचिव डॉ नीलेश कुमार मिश्रा ने पिछले वर्ष की गतिविधियों का उल्लेखक रते हुए वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की. कोषाध्यक्ष संतोष कुमार दुबे ने वित्तीय वर्ष 2024-2025 के लेखा जोखा प्रस्तुत किया. उपाध्यक्ष कमांडर संजीव रमन ने नए अध्यक्ष का पदभार ग्रहण किया और कहा कि वे अगले दो वर्षों तक सभी जीवंत गतिविधियों के साथ आइआइएमएम का गौरव बनाए रखेंगे. उन्होंने धन्यवाद प्रस्ताव भी प्रस्तुत किया. नई कार्यकारिणी समिति में अध्यक्ष कमांडर संजीव रमन, उपाध्यक्ष एसएस करीम, सचिव डॉ नीलेश कुमार मिश्रा, कोषाध्यक्ष एसके दुबे, राष्ट्रीय परिषद सदस्य एके श्रीवास्तव, राणा दास, सिद्धार्थ दास, डॉ टीएएस विजयराघवन, कमेटी मेंबर जीआर मूर्ति, संजीव कुमार, विजय कुमार सिंह, प्रमोद कुमार ठाकुर और शिबाशीष मिश्रा शामिल है.



