बेंगलुरू: कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने गुरुवार को इस्तीफा दे दिया. उन्होंने बेंगलुरु में कहा मैंने पहले ही कहा था कि हाईकमान जब कहेगा, मैं इस्तीफा दे दूंगा. कल हाईकमान ने कहा और आज मैंने इस्तीफा दे दिया. उन्होंने बताया कि राज्यपाल थावरचंद गहलोत के सचिव को इस्तीफा सौंपा है. श्री गहलोत फिलहाल पारिवारिक कारणों से बेंगलुरु से बाहर हैं. इस दौरान डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार भी मौजूद थे. इससे पहले सिद्धारमैया ने अपने घर पर मंत्रियों के साथ बैठक की और फैसले की जानकारी दी. बैठक के दौरान डीके शिवकुमार ने सिद्धारमैया के पैर छुए, जिसके बाद दोनों गले मिले. वहीं, राज्य सरकार में मंत्री एचके पाटिल ने बताया कि डीके शिवकुमार के नाम पर सहमति बन गई है. (नीचे भी पढ़े)

अब वही कर्नाटक के अगले मुख्यमंत्री होंगे.नियमानुसार राज्यपाल राज्य में मौजूद न हों तब भी मुख्यमंत्री लिखित इस्तीफा राजभवन के अधिकारियों को ई-मेल से या खुद जाकर दे सकते हैं. राज्यपाल बाद में उसे स्वीकार करते हैं. इस्तीफा मंजूर होने तक मौजूदा सीएम ही पद पर रहेंगे. सिद्धारमैया ने अपने कार्यकाल पर कहा- हमने अपने घोषणापत्र में किए गए वादों को पूरा करने के लिए काम किया है. 2013 में, हमने 163 वादे किए थे, जिनमें से हमने 158 वादे पूरे किए हैं. 2023 में, हमने 550 से अधिक वादे किए. जिनमें से हमने 300 वादे पूरे किए हैं. इसके अलावा, हमने 5 गारंटी योजनाओं की घोषणा की है, जिन्हें हमने पहले ही वर्ष में पूरा कर दिया है. इससे पूर्व 26 मई को सिद्धारमैया और डीके शिवकुमार दिल्ली पहुंचे थे. दोनों नेताओं की मंगलवार को दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकर्जुन खड़गे और सांसद राहुल गांधी के साथ 6 घंटे तक बैठक हुई.







