जमशेदपुर: सिखों के चतुर्थ गुरु श्री गुरु रामदास साहिब जी के पावन प्रकाश पर्व को समर्पित महान कीर्तन समागम का आयोजन 31 अक्टूबर, शनिवार को गुरुद्वारा साहिब साकची में श्रद्धा भावना एवं उत्साह के साथ किया जाएगा.रविवार को समागम को लेकर जानकारी देते हुए गुरुद्वारा के मुख्य सेवादार सरदार निशान सिंह के नेतृत्व में स्त्री सत्संग सभा और सुखमणि साहिब कीर्तनी जत्था की बीबियों ने सदस्यों संग कीर्तन समागम संबंधित पोस्टर जारी किया. गुरुद्वारा प्रबंधक कमिटी, साकची द्वारा स्त्री सत्संग सभा, सुखमणि साहिब कीर्तनी जत्था और नौजवान सभा, साकची के आपार सहयोग से आयोजित किए जाने वाले कीर्तन समागम में हजूरी रागी दरबार साहिब अमृतसर के भाई साहिब भाई गुरचरण सिंह एवं स्थानीय गुरबाणी कीर्तनकार संगत को गुरबाणी कीर्तन से निहाल करेंगे. प्रधान निशान सिंह ने बताया कि समागम के दौरान शाम के दरबार में समागम होगा. (नीचे भी पढ़े)

इस दौरान साकची गुरुद्वारा साहिब के हजूरी भाई साहिब भाई नारायण सिंह, भाई साहिब भाई निर्मल सिंह (अमृतसर), भाई साहिब भाई अमृतपाल सिंह मन्नन तथा जत्थेदार जरनैल सिंह जबकि विशेषरूप से जमशेदपुर पहुंच रहे भाई साहिब भाई गुरचरण सिंह अपने मधुर स्वर में गुरबाणी प्रस्तुति से संगत को निहाल करेंगे. गुरुद्वारा प्रबंधक कमिटी साकची के महासचिव परमजीत सिंह काले का कहना है कि कमिटी की ओर से समस्त साध-संगत से अपील की गई है कि वे परिवार सहित समागम में शामिल होकर गुरबाणी कीर्तन का आनंद लें और गुरु घर की खुशियां प्राप्त करें. शाम के इस कीर्तन दरबार में गुरु का अटूट लंगर निरंतर चलता रहेगा.(नीचे भी पढ़े)

प्रधान सरदार निशान सिंह ने कहा कि गुरबाणी कीर्तन सिख धर्म की आध्यात्मिक परंपरा का अभिन्न अंग है. उन्होंने संगत से अपील की कि अधिक से अधिक संख्या में कीर्तन दरबार में शामिल होकर गुरु घर की खुशियां प्राप्त करें. वहीं, कमिटी के महासचिव सरदार परमजीत सिंह काले ने कहा कि कीर्तन दरबार का उद्देश्य संगत को गुरबाणी से जोड़ना और नई पीढ़ी को सिख धर्म की समृद्ध आध्यात्मिक विरासत से परिचित कराना है. उन्होंने कहा कि स्त्री सत्संग सभा और सुखमणि साहिब कीर्तनी जत्था की बीबियों द्वारा पोस्टर जारी किया जाना धार्मिक आयोजनों में महिलाओं की सक्रिय भागीदारी और गुरु घर की सेवा के प्रति उनके समर्पण को दर्शाता है. (नीचे भी पढ़े)

पोस्टर विमोचन के अवसर पर उपस्थित सदस्यों में प्रधान निशान सिंह की अध्यक्षता में महासचिव परमजीत सिंह काले, ट्रस्ट्री सतनाम सिंह सिद्धू, चेयरमैन रणधीर सिंह, कोषाध्यक्ष बलबीर सिंह, सतिंदर सिंह रोमी, बरयाम सिंह, अजायब सिंह, सुखविंदर सिंह निक्कू, गुरमीत कौर, राजबीर कौर, कमलजीत कौर, रतनजीत कौर, मनजीत कौर, चरण कौर, हरपाल सिंह, मनोहर सिंह मित्ता, नरेंद्र कौर, प्रीतपाल सिंह, राजेंद्र सिंह, सन्नी सिंह बरियार, अमरपाल सिंह और दलजीत सिंह ने कीर्तन दरबार को अभूतपूर्वरूप से सफल बनाने तथा अधिक से अधिक संगत तक इसकी जानकारी पहुंचाने का संकल्प लिया. गुरुद्वारा प्रबंधक कमिटी ने संगत से आग्रह किया कि वे परिवार सहित कीर्तन दरबार में पहुंचकर गुरबाणी कीर्तन का आनंद लें और गुरु घर की आध्यात्मिक संगत का लाभ प्राप्त करें.





