
जमशेदपुर : जमशेदपुर भाजपा के नेता और धनबाद के भाजपा प्रभारी अभय सिंह ने मंत्री बन्ना गुप्ता पर बड़ा हमला कर दिया है और सीधे तौर पर मंत्री को कठघरे में खड़ा कर दिया है. अभय सिंह ने कहा है कि झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने संवाददाता सम्मेलन में टाटा स्टील एवं उनके कर्तव्य के विरोध में आंदोलन करने की चेतावनी दी है, यह बिल्कुल ही हास्यास्पद है. यह स्थिति का निर्माण स्वयं मंत्री ने किया है. अपनी खोखली राजनीति का नया पर्दाफाश उन्होंने स्वयं किया. अभय सिंह ने कहा है कि मंत्री को सबसे पहली यह बताना होगा कि आंदोलन किसके लिए है ? इसका यह अर्थ साफ स्पष्ट हो गया कि यह सरकार में बैठे मंत्री को अब आंदोलन करने की जरूरत है और विराजमान मंत्री की सुनने वाला कोई नहीं है ?और जब सरकार की कोई सुनता नहीं है तो मंत्री पद लेकर के बैठे क्यों है ? क्यों नहीं इस्तीफा दे देते हैं ? (नीचे भी पढ़ें)
अभय सिंह ने कहा कि विगत जुबली पार्क का मुद्दा उठाया और जो गंभीर आरोप टाटा स्टील के ऊपर लगाए कि 2 वर्षों से टाटा स्टील ने जुबली पार्क का गेट बंद किया हुआ था इससे बड़ा दुर्भाग्य बयान कुछ नहीं हो सकता है. मंत्री ही वह सरसों के भूत थे जिन्होंने 2 वर्ष तक जुबली पार्क गेट के मुद्दे पर चुप रहे. जब जनसैलाब इस मुद्दे पर उनके विपरीत नजर आया तो स्वयं कालिदास की तर्ज में ताला खोलने पहुंच गए. उन्होंने मंत्री से पूछना है कि लगातार दो वर्ष तक जुबली पार्क बंद किसने किया था और आपने उस पर क्या कार्रवाई की यह आपको जनता को बताना होगा ? जब मंत्री के क्षेत्र में 2 वर्ष तक कोई गेट बंद रहता हो और मंत्री असहाय की स्थिति पर खड़ा हो, जिला प्रशासन किंकर्तव्यविमूढ़ हो, इससे अच्छा है कि मंत्रालय छोड़कर आम जनता बन जाए तब कोई आंदोलन करें ? जुबली पार्क गेट 2 वर्ष बंद रहा आज तक 2 वर्ष हो चुके इनको आज पता चल रहा है कि शहर में कितनी खामियां हैं? श्री सिंह ने कहा है कि सबसे पहले तो इनको अपनी एमजीएम अस्पताल के बारे में जनता को बताना चाहिए कि हमने कोविड-19 के समय एमजीएम अस्पताल, जो इस शहर की व्यवस्था का शिकार है उसको इन्होंने कितना सुधारा इस पर कितनी दिलचस्पी इन्होंने लिया इस पर कितना अमल किया ? क्या अस्पताल आज सरकार के अनुरूप चल रही है ? क्या वहां बिना इलाज के अभाव में जब व्यक्ति मारे जाते हैं तब मंत्री ने इस पर कोई संज्ञान गंभीरतापूर्वक लिया है क्या? जहां तक आंदोलन की बात है यह आंदोलन शुरू करने के पहले आपको अपने मंत्रालय से इस्तीफा देकर के जनता के बीच में आना चाहिए. (नीचे भी पढ़ें)
आखिर आंदोलन जब सरकार में बैठे हुए लोग ही करेंगे तो इससे बड़ा असहाय सरकार कुछ नहीं हो सकता है. आपको तो यह भी बताना चाहिए कि आज आपके कांग्रेस के बड़े नेता लगातार हिंदुओं को गाली दे रहे हैं हिंदुओं को कालनेमि राक्षस बता रहे हैं उनके विषय में भी आपकी क्या राय है वह भी जनता जानना चाहती है? पिछले दिनों दुर्गा पूजा का षड्यंत्र और जब जुबली पार्क का षड्यंत्र का पर्दाफाश हुआ. आम जनता जान चुका के सारा करा धरा यह माननीय स्वास्थ्य मंत्री श्री बन्ना गुप्ता जी का है तब आप कोई नया नुक्सा निकाल कर सड़क पर उतरना चाहते हैं ? आप स्वतंत्र हैं पर सरकार में बैठकर विपक्ष की राजनीति आप क्यों कर रहे ? अपने मंत्रालय से इस्तीफा देकर राजनीति करें तब समझा जाएगा कि सरकार ठीक से चल रही है या नही ? आज तक इस शहर में टाटा मैन हॉस्पिटल में इतने लोग को भी क्षेत्र स्थित के समय गुहार लगा रहे थे तब आप स्वास्थ्य मंत्री के नाते कितने लोगों को कितने गरीबों को राहत पहुंचाई, यह भी बताने का प्रयास होना चाहिए. शहर में दिल में होता रहा आप चुप बैठे रहे, यह शहर अब भ्रमित होने वाली नहीं है जब राजनीति का धरातल गिरता नजर आ रहा है तो जनता को भ्रमित करने की और भ्रम फैलाकर राजनीति रोटी सेकने की तैयारी है. इस शहर में लगातार हत्याएं हो रही हैं. इस शहर में लगातार चोरी डकैती हो रहा है, उस पर आपका मुंह में ताला क्यों बंद है यह जनता को बताना होगा और इस प्रकार जनता को दिग्भ्रमित करने वाली राजनीति जो आप कर रहे हैं इससे कुछ होने वाला नहीं है.











