
कदमा : जानलेवा हमले के आरोपी विजय पांडेय साक्ष्य अभाव में बरी
जमशेदपुर के कदमा शास्त्रीनगर ब्लॉक नंबर चार के रहने वाला आशीष पात्रो को भुजाली और पिस्तौल की बट से मारकर जख्मी करने मामले में सुनवाई करते हुए जमशेदपुर कोर्ट के एडीजे- चार राजेन्द्र कुमार सिन्हा की अदालत ने बुधवार को साक्ष्य अभाव में आरोपी विजय पांडेय को बरी कर दिया जबकि इस मामले की अन्य एक आरोपी किशन पांडेय की मृत्यु हो चुंकी हैं. मामले में एक मात्र सूचक आशीष पात्रो की गवाही हुई थी. 4 अक्टूबर 2017 को आशीष कदमा बाजार से अपने घर शास्त्रीनगर ब्लॉक नंबर चार के लिए चला था. रास्ते में जब वह मधु पान दुकान के पास पहुंचा. अचानक एक बोलेरो कार आकर रूका, उसे बुलाया जब वह गाड़ी के पास पहुंचा गाड़ी में विजय पांडेय ड्राइवर सीट पर बैठा था. साथ में किशन पांडेय, संतोष राव व एक अन्य युवक था. विजय पांडेय ने बोला कि तुम्हरा भाई का केस में समझौता कराने के लिए दस हजार रूपए पहुंचाना था नहीं पहुंचाया, कहते हुए तीनों गाड़ी से उतरा, विजय और संतोष के हाथ में भुजाली और किशन के हाथ में एक देशी कटटा था. तीनों ने मिलकर उस पर हमला कर दिया, किशन ने देशी कट्टा से सर पर मारकर कर घायल कर दिया और भुजाली से भी मारकर गंभीर रूप से जख्मी कर दिया. इसी बीच बिट्टू पांडेय उसे बचाने के लिए आया उसे भी मारपीट सभी मैरिन ड्राइव की ओर भाग गया था. (नीचे भी पढ़ें)
अखिलेश सिंह गिरोह के बिनोद सिंह के घर से जब्त दस्तावेज मामले में अनुसंधानकर्ता की गवाही हुई
जमशेदपुर के गैंगस्टर अखिलेश सिंह गिरोह के बिनोद सिंह के बागबेड़ा स्थित मकान से पुलिस द्वारा जब्त की गई दस्तावेज व रंगदारी मामले में बुधवार को वर्तमान में डीएसपी राजेन्द्र कुमार पांडेय ( अनुसंधानकर्ता) की गवाही हुई. उनकी गवाही गुरुवार को भी होगी. इस मामले की सुनवाई जमशेदपुर कोर्ट के प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी सह सिविल जज सिनियर डिवीजन पवन कुमार की अदालत कर रही हैं. इस मामले में पुलिस ने अमलेश सिंह, अखिलेश सिंह, सुजीत सिंह, कन्हैया सिंह, अभिजीत सरकार, कुनाल भारद्वाज, धर्मेन्द्र प्रधान, बिनोद सिंह समेत अन्य आरोपी हैं. घटना वर्ष 2011 की हैं. इस संबंध में बागबेड़ा थाना में आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी.



