
जमशेदपुर : जमशेदपुर पूर्वी विधायक सरयू राय ने एक पत्र लिखा है. झारखंड सरकार के आवास एवं नगर विकास विभाग के सचिव को पत्र लिखा गया है. इस पत्र में लिखा गया है कि जमशेदपुर के मोहरदा में निर्माणाधीन प्रधानमंत्री आवास परियोजना की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए जांच की मांग की है. उन्होंने पत्र में लिखा है कि वे परियोजना स्थल पर गये थे और निर्माण कार्य का जायज़ा लिया था. उनके अनुरोध पर जमशेदपुर अक्षेस के विशेष पदाधिकारी भी वहां पहुंचे थे. उन लोगों ने सभी निर्माण स्थलों पर जाकर परियोजना का निर्माण कार्य देखा. कई त्रुटियां पाई गईं. नींव में लगाई जा रहे काला ईंट एवं छड़ का नमूना भी लिया. परियोजना के चार संवेदकों से उनकी अलग-अलग डिज़ाइनों को भी समझने का प्रयास किया. संक्षेप में डिज़ाइन स्तर से लेकर निर्माण स्तर तक परियोजना में ख़ामियां परिलक्षित हुईं. बेहतर होगा यदि आप इस बारे में जमशेदपुर अक्षेस के विशेष पदाधिकारी से आधिकारिक प्रतिवेदन मंगा लें और किसी निष्पक्ष एजेंसी से इसका पर्यवेक्षण करा लें. कार्यस्थल पर जुडको के सक्षम प्रतिनिधि प्रतिनियुक्त रहने चाहिये. उन्होंने लिखा है कि गत 23 दिसंबर 2021 को उपर्युक्त विषयक परियोजना के लाभुकों का चयन करने के लिये लॉटरी हुई. परियोजना में केन्द्र एवं राज्य सरकार की सहायता के साथ ही लाभुकों का लाभांश भी देय है, जो सरकारों के योगदान से अधिक है. श्री राय ने कहा है कि परियोजना की स्वीकृत डिजाईन आधारित निर्माण की लागत कम रहेगी तो लाभुकों का लाभांश कम होगा. निर्माण स्थल का जायज़ा लेते समय उन्होंने महसूस किया कि निर्माणकर्ताओं द्वारा सही सामग्रियों का इस्तेमाल नहीं करने के कारण वास्तविक लागत व्यय तो कम हो जायेगी. मगर इसका लाभ ज़रूरतमंद लाभुकों के पास नहीं जाकर संवेदकों एवं अन्य के पास चला जायेगा, जिसका भुगतान वस्तुतः कम आय वर्ग के लाभुकों की जेब से होगा. इस कारण सरयू राय ने मांग की है कि परियोजना की गुणवत्ता सुनिश्चित कराने के बारे में व्यक्तिगत पहल करें.





