जमशेदपुर : टाटा स्टील की सहयोगी कंपनी टाटा कलर्स प्राइवेट लिमिटेड (पहले टाटा ब्लूस्कोप) प्रबंधन और टाटा स्टील कलर्स एम्प्लॉयी यूनियन के बीच वर्ष का बोनस समझौता सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ. समझौते के तहत 18 प्रतिशत बोनस देने पर सहमति बनी है. नए फॉर्मूले के अनुसार अधिकतम बोनस 95,771 रुपये, न्यूनतम बोनस 34,722 रुपये और औसत बोनस 66,752 रुपये दिया जायेगा. यह बोनस समझौता नए फॉर्मूले पर हुआ है, जो पिछले दो साल से लंबित था. नए फॉर्मूले के अनुसार पहले 16 प्रतिशत के हिसाब से लगभग 60 लाख रुपये की राशि बन रही थी, जिस पर यूनियन के अध्यक्ष राकेश्वर पाण्डेय द्वारा प्रबंधन से विशेष अनुरोध किया गया. अध्यक्ष के अनुरोध को स्वीकार करते हुए प्रबंधन ने इसे बढ़ाकर 18 प्रतिशत कर दिया, जिससे कुल राशि लगभग 64 लाख रुपये हो गई. समझौते के दौरान प्लांट की क्षमता बढ़ाने, सुरक्षा मानकों को और सुदृढ़ करने तथा उत्पाद की गुणवत्ता पर विशेष फोकस करने पर विस्तृत चर्चा हुई. (नीचे भी पढ़ें)
प्रबंधन की ओर से इस अवसर पर प्रबंध निदेशक प्रवीण वी थम्पी, सीएचआरओ अनिशा प्रमाणिक, प्लांट हेड इंद्रनील बिस्वास, वीपी सेल्स एंड मार्केटिंग प्रखर अग्रवाल, एचआर डीजीएम राजेश त्रिपाठी एवं एचआर डिप्टी हेड मनीष कुमार उपस्थित रहे. यूनियन की ओर से अध्यक्ष राकेश्वर पाण्डेय, कार्यकारी अध्यक्ष विजय खान, उपाध्यक्ष अभिषेक कुमार श्रीवास्तव, महामंत्री संजय कुमार सिंह, उपाध्यक्ष हुसैनुल ओला कादरी, उपाध्यक्ष पवन कुमार सिंह, कोषाध्यक्ष रवि उपाध्याय, संयुक्त सचिव आदित्य राज एवं सृष्टिधर महतो, असंगठन सचिव प्रवीण राय, प्रियंका कुमारी, जितेंद्र कुमार, संतोष कुमार साहू एवं कृष्णा यादव उपस्थित थे. यूनियन के अध्यक्ष राकेश्वर पाण्डेय ने इस समझौते के लिए यूनियन के तीनों पदाधिकारियों – महामंत्री संजय कुमार सिंह, उपाध्यक्ष अभिषेक कुमार श्रीवास्तव और उपाध्यक्ष हुसैनुल ओला कादरी के अथक प्रयासों की सराहना की. वहीं प्रबंध निदेशक प्रवीण वी. थम्पी ने सभी कर्मचारियों से सुरक्षा और उत्पादकता पर विशेष जोर देने का आह्वान किया और कहा कि कंपनी के विकास में सभी का सहयोग अपेक्षित है.




