जमशेदपुर : टाटा स्टील की अधीकृत यूनियन टाटा वर्कर्स यूनियन में सबकुछ सामान्य नहीं चल रहा है. कंपनी में लगातार हो रही मैनपावर की कटौती, कमेटी मेंबरों की ट्रैकिंग और कार्रवाई के अलावा कर्मचारियों पर बढ़ते दबाव को लेकर यूनियन के अध्यक्ष संजीव चौधरी टुन्नु के खिलाफ उनके ही करीबी माने जाने वाले उपाध्यक्ष संजय सिंह ने मोर्चा खोल दिया है. संजय सिंह और अजय चौधरी समेत तमाम लोगों ने एक स्वर से इस मुद्दे पर ऑफिस बियररों की मीटिंग बुलाने के लिए वाट्सएप ग्रुप में भेजा था. लेकिन इसको लेकर कोई संज्ञान नही लिया गया तो अब इस टीम ने अपने स्तर से ही मीटिंग बुलाने की तैयारी की है. अध्यक्ष संजीव चौधरी टुन्नु के ही करीबियों ने उनको ही घेरना अब शुरू कर दिया है. लिहाजा, थोड़ा असहज माहौल यूनियन में बनता दिख रहा है. इस बीच संजय सिंह ने वाट्सएप ग्रुप में साफ तौर पर कहा है कि वे इस मुद्दे पर झुकने वाले नही है. (नीचे भी पढ़ें)

मेरा मन बढ़ाने की बात कहकर यूनियन की मीटिंग नहीं बुलायी जा रही है, लेकिन उससे कोई फर्क नहीं पड़ेगा. शार्प भारत में न्यूज निकलने से भी कुछ नहीं होगा. इस मुद्दे पर वे लड़ाई लड़ना चाहते है. गौरतलब है कि पिछले दिनों टाटा वर्कर्स यूनियन के ऑफिस बियररों ने यूनियन अध्यक्ष संजीव चौधरी टुन्नु, महामंत्री सतीश सिंह और डिप्टी प्रेसिडेंट शैलेश सिंह से मीटिंग बुलाने की मांग की है. कई सारे एजेंडा पर मीटिंग बुलाने को लेकर वाट्सऐप ग्रुप में निशाना साधा गया है. इसमें कहा गया है कि कई सारे मुद्दे ज्वलंत हैं, लेकिन ऑफिस बियररों की मीटिंग नहीं बुलायी जा रही है. (नीचे भी पढ़ें)

आइबी पर प्वाइंट वैल्यू, ग्रेड रिवीजन और शॉप फ्लोर में हो रहे कॉस्ट कटिंग पर मीटिंग बुलाने की मांग सारे पदाधिकारी कर रहे हैं. यह भी जानकारी दी गयी है कि सारे डिपार्टमेंट में कमेटी मेंबरों के ट्रैक और सीबी की जांच हो रही है. कई बार कमेटी मेंबरों को ट्रैक किया जा रहा है. यह सरासर गलत है. कमेटी मेंबरों को कमजोर करने और डराने का काम धड़ल्ले से चल रहा है. ऐसे मुद्दे को लेकर खुद अध्यक्ष को अब उनके ही करीबी घेरने लगे है. हालांकि, खुद संजय सिंह ने अब तक मीडिया से कोई बातचीत नहीं की है.



