जमशेदपुर : टाटानगर आरपीएफ और जीआरपी ने संयुक्त रुप से कार्रवाई करते हुए ब्लाइंड मर्डर केस की मिस्ट्री को सुलझाने में कामयाबी हासिल की है. पुलिस ने तकनीकी अनुसंधान कर इस मामले का अनुसंधान ही नहीं किया बल्कि आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया. यह मामला 20 साल के युवक का 27 साल के तलाकशुदा महिला के प्रेम संबंध का है. दरअसल, 6 जून को टाटानगर स्टेशन में खड़ी हटिया टाटा एक्सप्रेस ट्रेन में एक महिला को बेहोश बरामद किया गया था. वह लहुलुहान भी थी. उसको टाटानगर जीआरपी ने तत्काल एमजीएम अस्पताल में ट्रांसफर कर दिया. वहां इलाज के दौरान 10 दिनों के बाद उनकी मौत हो गयी. (नीचे भी पढ़ें)
इसके बाद रेल पुलिस और आरपीएफ ने संयुक्त रुप से अनुसंधान किया. इसके अनुसंधान में पता चला कि उक्त महिला रंची के बरियातू की रहने वाली है और 27 वर्षीय है, जिसकी गुमशुदगी का केस रांची के बरियातू थाना में दर्ज था. यहां से अनुसंधान की शुरुआत की गयी. इसके बाद पुलिस ने इस ब्लाइंड मर्डर मिस्ट्री का अनुसंधान को तेज किया. रांची से टाटानगर तक सभी स्टेशन के सीसीटीवी की जांच की गयी. रांची स्टेशन के सीसीटीव फुटेज में महिला एक संदिग्ध युवक के साथ स्टेशन में घुसते हुई दिखी. इसी दौरान वह युवक एक स्टॉल पर यूपीआइ पेमेंट कर पानी का बोतल खरीददता हुआ दिखता है. इसके बाद उक्त वेंडर से जांच की गयी और यूपीआइ नंबर से उक्त युवक की पहचान हुई. उक्त युवक ने पहले तो पुलिस को घुमाने की कोशिश की, लेकिन बाद में वह टूट गया और बताया कि उसने ही उक्त युवती की हत्या की है. (नीचे भी पढ़ें)
अनुसंधान में पता चला कि वह युवक बिहार के पूर्वी चंपारण जिला के राजेपुर थाना क्षेत्र का रहने वाला कुमार ऋषभ है, जिसकी उम्र करीब 20 साल है. वह रांची के मारवाड़ी कॉलेज में बीसीए की पढ़ाई करता था. उसी दौरान उसका प्रेम और शारीरिक संबंध तलाकशुदा महिला के साथ हो गयी, जो 27 साल की थी. उसके बाद करीब एक माह तक अवैध संबंध बनाने के बाद महिला ने उक्त युवक को शादी करने के लिए दबाव देना शुरू कर दिया. इसके बाद ही उसने उसकी हत्या की योजना बनायी और ट्रेन से दोनों टाटानगर आये और ट्रेन के भीतर जब सारे लोग उतर गये, तब उसने मोबाइल के चार्जर के तार से उसका गला दबा दिया. इस दौरान उक्त महिला के साथ उसने मारपीट भी की और यह सोचकर चला गया कि महिला मर गयी है. लेकिन महिला जिंदा रह गयी और 10 दिनों बाद मरी. हालांकि, वह कुछ बयान भी नहीं दे पायी क्योंकि उसकी स्थिति गंभीर ही बनी हुई थी. लेकिन पुलिस ने अनुसंधान के दौरान उसका बैंक एकाउंट समेत तमाम डिटेल लेकर पकड़ ही लिया.







