रांची : झारखंड के पूर्व मंत्री केएन त्रिपाठी ने कांग्रेस अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए शुक्रवार को नामांकन पत्र दाखिल कर दिया. श्री त्रिपाठी ने अपना नामांकन पत्र कांग्रेस मुख्यालय में केंद्रीय चुनाव प्राधिकार के अध्यक्ष मधुसूदन मिस्त्री को सौंपा. श्री त्रिपाठी के अलावा राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे तथा पूर्व केंद्रीय मंत्री शशि थरूर ने भी कांग्रेस अध्यक्ष पद के चुनाव के लिए अपने अपने नामांकन पत्र दाखिल किये हैं. ज्ञात हो कि श्री त्रिपाठी कांग्रेस से जुड़े इंडियन नेशनल ट्रेड यूनियन कांग्रेस (त्रिपाठी गुट) के अध्यक्ष रहे हैं. मीडिया से बात करते हुए श्री त्रिपाठी ने कहा कि देश के सबसे बड़ी राष्ट्रीय पार्टी कांग्रेस में आंतरिक लोकतंत्र जिन्दा है, जहां एक किसान का बेटा भी राष्ट्रीय अध्यक्ष के लिए नामांकन कर सकता है. केएन त्रिपाठी डाल्टनगंज से विधायक एवं झारखंड के मंत्री रह चुके हैं. मंत्री रहने के दौरान उनके कार्यकलापों एवं बेबाक निर्णय के लिए उन्हें आज भी याद किया जाता है. वर्तमान में वे इंटक (त्रिपाठी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं. उन्होंने “मगध फाउंडेशन” का गठन किया है, जिसका उद्देश्य मगधकालीन अखंड भारत की प्राचीन गरिमा को पुनर्स्थापित करना है. मौके की नजाकत भांपते हुए दिग्गी राजा के नाम से मशहूर दिग्विजय सिंह ने अध्यक्ष पद के लिए अपनी दावेदारी प्रस्तुत कर दी. इसके पहले वे राहुल गांधी के साथ भारत जोड़ो यात्रा में शामिल थे. उन्हें गांधी परिवार का समर्थन हासिल है या नहीं अभी स्पष्ट नहीं है.
मीडिया से बात करते हुए केएन त्रिपाठी ने कहा कि अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी ने चुनाव लड़ने से किसी को मना नहीं किया है. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी भारत जोड़ो यात्रा के जरिये वर्तमान केंद्र सरकार की गलत नीतियों के खिलाफ जनजागरूकता फैला रहे हैं. हमें उन्हें भारत का अगला प्रधानमंत्री बनाना है. श्री त्रिपाठी ने कहा कि भारत के सभी राज्यों से उनके मित्रों ने फोन कर उन्हें चुनाव मैदान में उतरने के लिए कहा इसलिए उन्होंने नामांकन पत्र जमा किया हैं.






