
जमशेदपुर : जमशेदपुर के बेल्डीह चर्च स्कूल में जिस लड़के पर स्कूल परिसर में हमला हुआ, जिसकी आंख फोड़ी गयी, उस बच्चे का ही रिजल्ट रोक दिया गया. इसकी बड़ी वजह यह बताया जा रहा है कि बच्चे के पक्ष में कुछ राजनीतिक दलों के लोग हंगामा कर रहे है जबकि उनके परिजन आवाज उठा चुके है. इसकी सजा स्कूल ने यह दी है कि स्कूल के घायल छात्र रिशांत ओझा का रिजल्ट नहीं दिया गया. बच्चे की मां सोनी ओझा जब स्कूल में रिजल्ट लेने गयी तो उनको बैरंग लौटा दिया गया और यह दबाव बनाया गया कि पहले स्कूल पर किये गये केस को वापस लें, फिर जाकर रिजल्ट दिया जायेगा. इसके बाद परिजन अब ठगा सा महसूस कर रहे है कि इस लोकतांत्रिक देश में स्कूल के अत्याचार के खिलाफ आवाज उठाने पर ऐसी सजा दी जा रही है. बेल्डीह चर्च स्कूल में एक माह पूर्व एक छात्र रिशांत ओझा को उसके ही क्लास के लड़के ने पीटकर घायल कर दिया था, जिससे उसकी आंख में गंभीर चोट लगी है. बताया जाता है कि घायल छात्र रिशांत की मां जब क्लास टीचर से मिली तो यह कहा गया कि प्राचार्य का आदेश है कि प हले स्कूल मैनेजमेंट पर बिष्टुपुर थाना में जो केस दर्ज है, उसको हटाये, तब जाकर रिजल्ट देने पर स्कूल प्रबंधन विचार करेगी. इसके बाद मां वापस हो गयी. दूसरी ओर, इसको लेकर सिर्फ जांच की बात कहीं गयी है, लेकिन किसी तरह की कोई कार्रवाई अब तक नहीं की गयी है. इसको लेकर राष्ट्राय बाल अधिकार संरक्षण आयोग से लेकर जिला प्रशासन के स्तर पर जांच की जा रही है, लेकिन कार्रवाई नहीं होने से स्कूल प्रबंझन का मनोबल बढ़ गया है. इसको लेकर माहौल गरम हो चुका है.







