
जमशेदपुर : रमजान का पवित्र महीना अपने खात्मे पर है. इस महीने का आखिरी जुमा अलविदा कहलाता है. लेकिन इस बार अलविदा जुम्मा में रोजेदार नमाजियों ने मस्जिद में नमाज अदा नहीं कर पाई इसका दर्द उनके आंखों से छलक रहा था. मस्जिदों में सन्नाटा पसरा हुआ था और घरों में लोगों ने जोहर की नमाज अदा की. मुफ्ती आबिद हुसैन नूरी ने बताया कि ऐसा नहीं है कि घर पर अलविदा जुमे की नमाज नहीं पढ़ी जा सकती है, लेकिन दिक्कत ये है कि जुमे की नमाज के लिए जो शर्तें हैं उसे घर पर पूरा करना जरा मुश्किल है.

लॉक डाउन की वजह से मस्जिदों में खुतबा भी नहीं पढ़ी गई।कोरोना महामारी के संक्रमण को लेकर लॉक डाउन के कारण काजियों ने लॉक डाउन को लेकर नियमों का पालन करने और सोशल डिस्टेशिंग बनाते हुए मस्जिदों में पांच लोगों ने नमाज़ पढ़ी. जामा मस्जिद के इमाम गजाली ने कहा कि बहुत दुख और शर्मनाक बात है अल्लाह हमसे नाराज हैं जो हमें नमाज अपने घर में अदा करने तक की इजाजत नहीं दे रहे हैं मुसलमानों को चाहिए कि रो-रो कर अपने गुनाहों की माफी मांगे और अल्लाह को राजी करें ताकि हम उनके दरवाजे तक पहुंच सके और उनके सामने सजदा कर सके. अल्लाह बहुत बड़ा मेहरबान है बेशक वह बकने वाला है. हमारे गुनाहो की बक्श देगा आमीन.

घरों में ही नमाज पढ़ने की अपील की गयी थी जबकि मसजिदों में सिर्फ चुनिंदा लोगों ने ही नमाज अदा की. यह पहला मौका होगा जब ऐसी नमाज लोगों ने लॉकडाउन के बीच पढ़ी हो. वैसे अब लोग ईद की तैयारियां तो कर रहे है, लेकिन वह भी कम जोश ही दिख रहा है क्योंकि बाजार खुले नहीं है और कोई जश्न मनाने पर रोक है.

जमशेदपुर के एसपी सिटी, एडीएम लॉ एंड ऑर्डर ने धर्म गुरुओं एवं शांति समिति के साथ की बैठक, सादगी से ईंद मनाने की अपील
मानगो में आज ईद पर्व को लेकर शांति समिति की बैठक की गई। इसकी अध्यक्षता पुलिस अधीक्षक(नगर) सुभाष चन्द्र जाट एवं अपर जिला दंडाधिकारी(विधि व्यवस्था) नंद किशोर लाल ने की। पुलिस अधीक्षक (नगर) ने सभी को ईद की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि जिस तरह जिला प्रशासन को अब तक आप सबों का सहयोग मिला है वह आगे भी अपेक्षित है। वर्तमान में वैश्विक महामारी कोविड-19 के दौर से पूरा विश्व गुजर रहा है। इसमें सतर्कता की एक मात्र बचाव है। गृह मंत्रालय भारत सरकार व राज्य सरकार से प्राप्त दिशा निर्देशानुसार किसी भी तरह के धार्मिक आयोजन की अनुमति नहीं है। लाक डाउन 4.0 का अनुपालन सभी को करना है। इसके मद्देनजर सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखते हुए घरों में ही ईंद का नमाज अदा करने की अपील करता हूं। उन्होंने विभिन्न धार्मिक नेताओं एवं राजनीतिक पार्टियों के प्रतिनिधियों से प्रशासन के संदेश को सरलता से जन जन तक पहुंचाने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रशासन हर कदम आपके साथ है। मौके पर उपस्थित अपर जिला दंडाधिकारी ने कहा कि जिलेवासियों ने प्रत्येक त्योहार में जिला प्रशासन का विधि व्यवस्था बनाने में सहयोग किया है जो प्रशंसनीय है। असामाजिक तत्वों पर कड़ी निगरानी रखते हुए कार्रवाई की बात कही। उन्होंने कहा कि अगर आपको किसी भी तरह की संदिग्ध व असामाजिक तत्वों द्वारा गड़बड़ी व माहौल बिगाड़ने की आशंका प्रतीत होती है तो तुरंत स्थानीय थाना व प्रशासनिक पदाधिकारियों को सूचित करें त्वरित कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ऐसे तत्वों से सख्ती से निपटेगा। मौके पर कार्यपालक पदाधिकारी- मानगो नगर निगम दीपक सहाय, डीएसपी एवं थाना प्रभारी आजाद नगर, शांति समिति के अध्यक्ष मुखतार आलम, धर्म गुरु, शांति समिति के सदस्य तथा अन्य गणमान्य उपस्थित थे।




