
Jamshedpur : सीए संस्थान आईसीएआई की जमशेदपुर शाखा ने अपने सदस्यों के लिए इन्कम टैक्स के फेसलेस मूल्यांकन विषय पर वेबीनार का आयोजन किया। इसमें नई दिल्ली से सीए दीपक भोलुसारिया मुख्य वक्ता थे। जमशेदपुर से सीए चंदन खंडेलवाल वेबिनार के सभापति थे। इस आयोजन का लाभ शहर के 150 से ज्यादा सीए ने लिया। मुख्य वक्ता सीए दीपक भोलुसारिया ने सबसे पहले फेसेलेस मूल्यांकन के फायदे तथा विशेषताओं के बारे में बताते हुए कहा कि इन्कम टैक्स के फेसलेस मूल्यांकन से अधिक पारदर्शिता और दक्षता आएगी। उन्होंने कुछ तकनीकी चुनौतियों के बारे में भी बताया, जो वीडियो कॉल के माध्यम से सुनने के समय टेक्नोलॉजिकल ग्लिट्स हो सकती है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से व्यक्तिगत सुनवाई के साथ भी यह संभव है कि विभाग करदाता की सामग्री को गलत समझ सकता है। उन्होंने कहा कि फाइल आकार के संबंध में वर्तमान ई-फाइलिंग, फाइल के नामकरण में विशेष वर्णों का उपयोग न करने आदि के संबंध में विभिन्न करदाताओं के सामने कई चुनौतियां हैं।
इस क्रम में उन्होंने अपेक्षित की भी चर्चा की. कहा कि करदाताओं के लिए अनुपालन में आसानी, कोई मानव इंटरफेस नहीं, पारदर्शिता और दक्षता, कार्यात्मक विशेषज्ञता, मूल्यांकन की गुणवत्ता में सुधार, जोखिम आधारित और फोकस्ड दृष्टिकोण, व्यवस्थित और विशिष्ट सत्यापन, मानकीकरण और गुणवत्ता प्रबंधन, बेहतर निगरानी एवं मामलों का शीघ्र निपटान होगा। फेसलेस मूल्यांकन की विशेषताओं की चर्चा करते हुए उन्होंने बताया कि इससे सभी संचार इलेक्ट्रॉनिक रूप से आयोजित किए जाएंगे। व्यक्ति से व्यक्ति संपर्क को हटा देता है। करदाता या सीए शारीरिक रूप से मौजूद नहीं रहेंगे। कुछ मामलों में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग की अनुमति दी जा सकती है। ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर आयोजित इस वेबिनार का संचालन एवं धन्यवाद ज्ञापन सीए पंकज शिंगारी ने किया। इससे पूर्व आरंभ में स्वागत भाषण चेयरमैन सीए संजय गोयल ने किया। कार्यक्रम में शाखा सचिव सीए सुगम सरायवाला, सीए सिद्धार्थ खंडेलवाल, सीए बिनोद सरायवाला, सीए योगेश शर्मा व अन्य सदस्यों का सराहनीय सहयोग रहा।







