
रांची/गुमला : झारखंड में प्राकृतिक सौंदर्य से लबरेज एक से बढ़कर पर्यटक स्थल हैं. इन पर्यटक स्थलों को वर्ल्ड क्लास बनाने का प्रयास हो रहा है. इस सिलसिले में यहां रहने, खाने- पीने, आवागमन और सुरक्षा जैसी बुनियादी सुविधाओं को बेहतर किया जा रहा है. मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने शुक्रवार को नेतरहाट स्थित डाक बंगला में आयोजित जनता दरबार मे ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कही. मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे राज्य से हर साल बडी संख्या में लोग दूसरे प्रदेशों और विदेश घुमने जाते हैं, लेकिन हमारा प्रयास है कि पहाड़ो की रानी नेतरहाट जैसे तमाम पर्यटक स्थलों को इस तरह विकसित करें कि बाहर से सैलानी इन पर्यटक स्थलों की खूबसूरती को निहारने के लिए बरबस खींचे चले आएं. मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों से कहा कि आपने मुझे बड़ी जिम्मेदारी दी है. आपकी समस्याओं और परेशानियों का समाधान करना मेरी प्राथमिकता है. अगर आपको कोई दिक्कत हो तो बेहिचक और निर्भीक होकर बताएं, उसे दूर किया जाएगा. मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता दरबार के माध्यम से मुझे आपसे सीधे जुड़ने का मौका मिलता है. इससे पूरी वस्तुस्थिति की जानकारी होती है और उसका समाधान और भी आसान हो जाता है. मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना महामारी ने पूरी दुनिया की व्यवस्थाओं को तबाह किया है. झारखंड भी इस महामारी से जूझ रहा है. लेकिन, इस दौरान आपने जो संयम, धैर्य और भाईचारा का परिचय दिया है, उससे यहां कोई अफरा-तफरी नही देखने को मिली. मुख्यमंत्री ने कहा कि लॉकडाउन के दौरान थानों में सामुदायिक किचन और पंचायतों में सखी दीदियों ने लाखों गरीबों और ज़रूरतमंदों को भोजन कराया. राज्य की जनता और प्रशासन से मिले सहयोग से हम जिंदगी को सामान्य बनाने में जुट गए हैं. बहुत जल्द इसकी गति तेज हो जाएगी. इस मौके पर मनिका के विधायक और जिला प्रशासन के अधिकारियों के अलावा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे. इधर, मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन से नेतरहाट में भारतीय राष्ट्रीय स्वतंत्रता सेनानी टाना भगत संघ की गुमला जिला समीति के प्रतिनिधियों ने मुलाकात कर मांग पत्र सौपा. उन्होंने सीएनटी एक्ट 1908 के तहत टाना भगतों के लिए जिन अधिकारों का प्रावधान किया गया है, उसे देने की दिशा में पहल करते का आग्रह मुख्यमंत्री से किया. उन्होंने टाना भगतों के सामाजिक और सांस्कृतिक विरासत को बचाने के लिए सरकार से पहल करने को भी कहा. मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल को इस दिशा में उचित कारवाई करने का भरोसा दिया. मुख्यमंत्री से मुलाक़ात करने वालों में समिति के अध्यक्ष जीता टाना भगत, सचिव बिरसा टाना भगत और उपाध्यक्ष मनिया टाना तथा अन्य शामिल थे.





