जमशेदपुर: जमशेदपुर के गदड़ा पंचायत अंतर्गत जसकांडी में आदिवासी सुरक्षा परिषद की एक बैठक गंगाधर बरजो की अध्यक्षता में हुई. इस बैठक में मुख्य रुप से सुरक्षा परिषद के अध्यक्ष रमेश हांसदा, केंद्रीय महासचिव जयपाल मुर्मू, महानगर अध्यक्ष राम सिंह मुंडा व रुद्र मुंडा मौजूद थे. कार्यक्रम का संचालन संयोजक गुलशन टुडू ने किया. बैठक को संबोधित करते हुए अध्यक्ष रमेश हांसदा ने कहा कि पेसा कानून आदिवासियों के लिए ब्रह्मास्त्र है.(नीचे भी पढ़े)
इसके लागू होने से अनुसूचित क्षेत्रों में आदिवासी के साथ साथ क्षेत्र में रहने वाले सभी लोगों को और सभी ग्रामसभा में यह कानून लागू होगा. ग्राम सभा को लघु वन उपज का अधिकार, जमीन वापसी का अधिकार, सरकारी विकास योजनाओं का अनुमोदन व मूल्याकंन का सीधा अधिकार मिलेगा. पेसा कानून के लागू होने से ग्रामसभा का विधि सम्मत संचालन हो सकेगा.सुरक्षा परिषद के अध्यक्ष राम सिंह मुंडा ने कहा कि पेसा को लागू करने के लिए सरकार पर दबाव बनाने पड़ेगा. (नीचे भी पढ़े)
इसके लिए हम लोगों को सांगठनिक ढ़ांचा को और मजबूत करना होगा. युवाओ को इसकी जिम्मेदारी लेनी होगी तभी जाकर आंदोलन को मजबूती मिलेगा. इसके लिए समाज के सभी लोगों की भागीदारी होनी चाहिए. सभी लोगों को पार्टी से उपर उठकर समाज हित में काम करना होगा. राम सिंह मुंडा ने कहा कि 12 फरवरी को सालगाझरी में पेसा महापंचायत का आयोजन किया गया है, जिसमें सभी की उपस्थिति अनिवार्य है. इस दौरान गदड़ा सरजामदा पंचायत संयोजक समिति का गठन किया गया. जिसमें गंगाराम बांड्रा, विनोद माझी, राजा सोरेन, मधुसूदन समद, रोहिदास मुंडा, गणेश समद,सुकरा बरजो को संयोजक सदस्य बनाया गया.



