जमशेदपुर : सिंहभूम चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री का एक प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन झारखंड पुलिस के अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) मनोज कौशिक को सौंपा. यह ज्ञापन पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआइजी), कोल्हान प्रक्षेत्र अनुरंजन किस्पोट्टा तथा पूर्वी सिंहभूम के नवनियुक्त वरीय पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) डॉ. एहतेशाम वक़ारिब की उपस्थिति में सौंपा गया. ज्ञापन के माध्यम से जमशेदपुर में लगातार बिगड़ती कानून-व्यवस्था पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए तत्काल एवं प्रभावी कार्रवाई की मांग की गई. चैंबर के अध्यक्ष मानव केडिया ने कहा कि पिछले कुछ महीनों में शहर में रंगदारी, गोलीबारी, चोरी, छिनतई, महिलाओं से चेन स्नैचिंग तथा व्यापारिक प्रतिष्ठानों पर हमलों जैसी घटनाओं में निरंतर वृद्धि हुई है. बिष्टुपुर में पुलिस अभिरक्षा के दौरान हुई हत्या की घटना ने व्यापारिक समुदाय एवं आम नागरिकों में भय और असुरक्षा का वातावरण उत्पन्न कर दिया है. उन्होंने कहा कि जमशेदपुर झारखंड की औद्योगिक एवं व्यापारिक राजधानी है और यहां सुरक्षित वातावरण बनाए रखना राज्य के उद्योग, निवेश एवं रोजगार के लिए अत्यंत आवश्यक है. चैंबर ने यह भी मांग की कि यदि किसी व्यवसायी के प्रतिष्ठान अथवा उसके परिसर के बाहर कोई आपराधिक घटना घटित होती है, तो बिना समुचित एवं निष्पक्ष जांच तथा पर्याप्त सत्यापन के संबंधित व्यवसायी को दोषी अथवा संदिग्ध नहीं ठहराया जाए. केवल घटनास्थल के आधार पर किसी व्यापारी की प्रतिष्ठा को आघात पहुंचाना उचित नहीं है। निष्पक्ष जांच के बाद ही किसी भी प्रकार की कार्रवाई की जानी चाहिए. (नीचे भी पढ़ें)
बैठक के दौरान एडीजी मनोज कौशिक ने चैंबर द्वारा उठाए गए सभी बिंदुओं एवं सुझावों को गंभीरता और धैर्यपूर्वक सुना. उन्होंने तत्काल पूर्वी सिंहभूम के वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. एहतेशाम वक़ारिब को डोबो पुल पर सीसीटीवी कैमरे लगाने तथा डोबो पुल के समीप एक टीओपी स्थापित करने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया. उन्होंने आश्वस्त किया कि जमशेदपुर में सभी आपराधिक गतिविधियों पर पुलिस की कड़ी निगरानी रखी जाएगी तथा अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी एवं कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी. सिंहभूम चैंबर ने एडीजी द्वारा दिए गए त्वरित निर्देशों का स्वागत करते हुए आशा व्यक्त की कि इससे शहर की कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने में मदद मिलेगी. सिंहभूम चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ने 3 जुलाई को प्रस्तावित जमशेदपुर बंद को अपना नैतिक समर्थन देने की घोषणा की. चैंबर ने कहा कि यह समर्थन शहर में बेहतर कानून-व्यवस्था, व्यापारियों एवं आम नागरिकों की सुरक्षा तथा अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई की मांग के समर्थन में दिया जा रहा है. चैंबर ने सभी नागरिकों एवं व्यापारियों से शांति, संयम एवं कानून का पालन करते हुए अपनी लोकतांत्रिक भावनाओं को व्यक्त करने की अपील की. (नीचे भी पढ़ें)
चैंबर की प्रमुख मांगें एवं सुझाव
- रांची की तर्ज पर जमशेदपुर के प्रमुख मार्गों, चौक-चौराहों तथा सभी प्रवेश एवं निकास मार्गों पर उच्च गुणवत्ता वाले सीसीटीवी सर्विलांस कैमरे स्थापित किए जाएं.
- ट्रैफिक पुलिस को हेलमेट एवं वाहन दस्तावेजों की नियमित जांच के बजाय यातायात प्रबंधन एवं जाम नियंत्रण पर अधिक ध्यान देने का निर्देश दिया जाए.
- सड़कों एवं फुटपाथों पर अनधिकृत ठेलों एवं अतिक्रमण पर प्रभावी नियंत्रण कर यातायात व्यवस्था सुचारु बनाई जाए.
- शहर में बढ़ते नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार के विरुद्ध विशेष अभियान चलाकर कठोर कार्रवाई की जाए.
- शहर के प्रमुख प्रवेश एवं निकास मार्गों पर स्थायी पुलिस चेक पोस्ट स्थापित किए जाएं.
- सभी थाना क्षेत्रों में टीओपी को पुनः सक्रिय एवं प्रभावी रूप से संचालित किया जाए.
- प्रत्येक थाना प्रभारी द्वारा अपने क्षेत्र में प्रतिदिन नियमित गश्त सुनिश्चित की जाए. 8. शहर में पुलिस गश्त एवं सुरक्षा व्यवस्था को तत्काल और अधिक सुदृढ़ किया जाए.
- संवेदनशील एवं व्यावसायिक क्षेत्रों में विशेष सुरक्षा व्यवस्था लागू की जाए.
- संगठित अपराध, रंगदारी एवं असामाजिक तत्वों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाकर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए.
- हाल की सभी गंभीर आपराधिक घटनाओं की त्वरित, निष्पक्ष एवं समयबद्ध जांच सुनिश्चित की जाए.







