जमशेदपुर : जमशेदपुर के कदमा स्थित डीबीएमएस कॉलेज ऑफ एजुकेशन की एनएसएस यूनिट-1 के स्वयंसेवकों ने रविवार को विशेष शिविर के अंतर्गत गोद लिए गए ग्राम धानचटानी में विभिन्न सामाजिक जागरूकता एवं सामुदायिक गतिविधियों का आयोजन किया. दिन भर की गतिविधियों के दौरान स्वयंसेवकों ने ग्रामीण समुदाय के साथ सक्रिय रूप से जुड़ कर उन्हें स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और नशा मुक्ति का संदेश दिया. (नीचे भी पढ़ें)

कार्यक्रम की शुरुआत स्वच्छता एवं पौधरोपण अभियान से हुई. एनएसएस स्वयंसेवकों ने ग्रामीण क्षेत्र में स्वच्छता अभियान चलाया तथा पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य से विभिन्न फलदार एवं सब्जियों के पौधों का रोपण किया. इस अवसर पर वीणापाणि हाई स्कूल के प्राचार्य, सभी शिक्षक एवं विद्यार्थियों ने भी सक्रिय रूप से पौध रोपण अभियान में भाग लिया. एनएसएस स्वयंसेवकों और विद्यालय परिवार ने मिल कर आम, अनार, चीकू और अमरूद जैसे फलदार पौधों के साथ-साथ पत्तागोभी, टमाटर और बैंगन जैसी सब्जियों का भी रोपण किया. इस दौरान ग्रामीणों एवं विद्यार्थियों को हरित एवं स्वच्छ वातावरण के महत्व के प्रति जागरूक किया गया. (नीचे भी पढ़ें)

विशेष शिविर के दौरान वीणापाणि हाई स्कूल परिसर में ही एनएसएस स्वयंसेवकों के ठहरने की व्यवस्था की गई थी. विद्यालय परिसर स्वयंसेवकों के लिए शिविर अवधि में आवास एवं सामुदायिक गतिविधियों का प्रमुख केंद्र रहा, जहां से स्वयंसेवकों ने ग्रामीण क्षेत्र में विभिन्न सेवा एवं जागरूकता गतिविधियों को संचालित किया. (नीचे भी पढ़ें)

इसके बाद स्वयंसेवकों ने ‘नशामुक्त भारत’ विषय पर प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया. नाटक के माध्यम से नशे के दुष्प्रभावों तथा इसके कारण व्यक्ति, परिवार और समाज पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभावों को रचनात्मक ढंग से प्रस्तुत किया गया. स्वयंसेवकों ने ग्रामीणों को नशे से दूर रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया. (नीचे भी पढ़ें)

विशेष शिविर के तहत एनएसएस स्वयंसेवकों ने घर-घर जाकर सर्वेक्षण भी किया. इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से संवाद स्थापित कर उनकी सामाजिक परिस्थितियों एवं आवश्यकताओं को समझने का प्रयास किया. घर-घर संपर्क के माध्यम से ग्रामीणों के बीच विभिन्न सामाजिक मुद्दों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का कार्य किया गया. पूरे अभियान के दौरान स्वयंसेवकों में सेवा, सहयोग और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना देखने को मिली. एनएसएस के आदर्श वाक्य “नॉट मी, बट यू” (मैं नहीं, आप) को सार्थक करते हुए स्वयंसेवकों ने समुदाय के साथ मिल कर कार्य किया और सामाजिक सेवा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाई. (नीचे भी पढ़ें)

धानचटानी में आयोजित इन गतिविधियों के माध्यम से एनएसएस स्वयंसेवकों ने न केवल ग्रामीण समुदाय के बीच जागरूकता का संदेश पहुंचाया, बल्कि स्वयं भी सामुदायिक सेवा और सामाजिक उत्तरदायित्व का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त किया. कार्यक्रम की रूपरेखा एनएसएस प्रोग्राम ऑफिसर पूनम कुमारी ने कॉलेज की सचिव श्रीप्रिया धर्मराजन, सह सचिव सुधा दिलीप, प्राचार्या डॉ मोनिका उप्पल, उप प्राचार्या डॉ पामिला घोष दत्ता एवं शिक्षकों के साथ-साथ सहायक सहकर्मियों के साथ तैयार की थी.







