आदित्यपुर : रंगदारी के भय के नाम पर गोलबंद होकर थाने का घेराव करने पहुंचे दिंदली बाजार के दुकानदारों के पांव पीछे खींच लेने के कारण आदित्यपुर पुलिस दुविधा में फंस गयी है. दुकानदारों की शिकायत पर आदित्यपुर पुलिस ने घटना के चंद घंटों के अंदर ही कुख्यात अपराधी कादिम के छोटे बेटे शहबाज उर्फ मुन्ना सहित पांच आरोपियों को धर दबोचा, जो 24 घंटे बाद, अब भी उसकी गिरफ्त में हैं, किन्तु अब शिकायत कर्ता के सामने नहीं आने के कारण पुलिस अग्रेतर कार्रवाई को लेकर दुविधा में है. (नीचे भी पढ़ें)
विदित हो कि रविवार को दिंदली बाजार के दर्जनों दुकानदार शनिवार शाम अपराधी कादिम खान के बेटे शाहबाज उर्फ मुन्ना पर प्रेम वस्त्रालय में घुसकर दुकानदार के साथ मारपीट करने और हफ्ता वसूली के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाते हुए थाने का घेराव किया था. इतना ही नहीं दुकानदारों ने दुकान बंद कर विरोध भी जताया था. थाना प्रभारी ने दुकानदारों से भयमुक्त होकर कारोबार करने की बात कही थी एवं भरोसा दिलाया था कि सभी आरोपियों को 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया जाएगा. दुकानदारों से किये वायदे के अनुसार थाना प्रभारी ने घटना के महज कुछ घंटों बाद ही सभी आरोपियों को धर दबोचा. (नीचे भी पढ़ें)
मगर विडंबना देखिए जो दुकानदार रंगदारी मांगने के भय के नाम पर थाने का घेराव करने पहुंचे थे, घटना के 24 घंटे बाद भी अब तक शिकायत दर्ज कराने नहीं आये हैं. ऐसे में कार्रवाई किस आधार पर की जाए, यह पुलिस की दुविधा का कारण बना हुआ है. नतीजतन सभी आरोपी थाने की मेहमान नवाजी का लुत्फ उठा रहे हैं. बताया जा रहा है कि घटना में आदित्यपुर मुस्लिम बस्ती के कुख्यात कादिम खान के छोटे बेटे शहबाज उर्फ मुन्ना का नाम आने के बाद भी अब तक शिकायत दर्ज कराने कोई नहीं पहुंचा. (नीचे भी पढ़ें)
ऐसे में सवाल यह उठता है कि पुलिस को कठघरे में खड़ा कर थाने का घेराव करने का क्या उद्देश्य था. एक दुकानदार ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि कुछ दुकानदारों के उकसावे में ऐसा किया गया, हालांकि थाना प्रभारी के आश्वासन के बाद सभी दुकानें खोल दी गईं. मगर सीसीटीवी कैमरे की विडियो फुटेज में शहबाज दुकानदार को मारते नजर आ रहा है, फिर दुकानदार बैकफुट पर क्यों है, यह बताने की जरूरत नहीं. अब सबकी नजर पुलिसिया कार्रवाई पर टिकी है.



