जमशेदपुर : जमशेदपुर आदिवासी मुंडा समाज केन्द्रीय समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक समिति के अध्यक्ष नंदलाल पातर की अध्यक्षता में पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा के घोड़ाबांधा स्थित आवास परिसर में संपन्न हुई. बैठक के प्रथम सत्र की मुख्य अतिथि पोटका विधानसभा क्षेत्र की पूर्व प्रत्याशी डॉ मीरा मुंडा रहीं, जबकि द्वितीय सत्र में झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा शामिल हुए. अपने संबोधन में श्री मुंडा ने कहा कि “समाज तभी सशक्त होगा, जब वह शिक्षित होगा. सामाजिक समस्याओं के समाधान के लिए प्रत्येक परिवार को अपने बच्चों की शिक्षा पर विशेष ध्यान देना चाहिए. साथ ही, समाज के लोगों को स्वास्थ्य के प्रति भी जागरूक रहना आवश्यक है.” (नीचे भी पढ़ें)

डॉ मीरा मुंडा ने कहा कि “समाज की एकता, परंपराओं के संरक्षण तथा सामाजिक व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए अपनी भाषा, संस्कृति, पारंपरिक सामाजिक व्यवस्था एवं रूढ़ परंपराओं का पालन हम सभी का दायित्व है.” बैठक के दौरान मुंडा समाज की रूढ़ परंपराओं, सामाजिक मान्यताओं एवं सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण तथा वर्तमान समय में उनकी प्रासंगिकता पर विस्तृत चर्चा हुई. उपस्थित सदस्यों ने समाज की परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाने तथा सामाजिक एकजुटता बनाए रखने पर विशेष बल दिया. इसके साथ ही समाज की आगामी सामाजिक गतिविधियों एवं जनहित कार्यक्रमों पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया तथा विभिन्न महत्वपूर्ण सुझाव प्राप्त हुए. (नीचे भी पढ़ें)
बैठक के दूसरे चरण में मुंडा समाज केन्द्रीय समिति के पुनर्गठन पर चर्चा हुई. संगठन को अधिक सक्रिय, प्रभावी एवं व्यापक स्वरूप प्रदान करने के उद्देश्य से दो अलग-अलग सत्रों में विभिन्न विषयों पर गंभीर विचार-विमर्श हुआ. उपस्थित सदस्यों ने सर्वसम्मति से संगठन को अधिक मजबूत एवं समाजहित में सक्रिय बनाने का संकल्प लिया. बैठक में राम सिंह मुंडा ने मुंडा समाज केन्द्रीय समिति का पुनर्गठन सर्वसम्मति से करने का प्रस्ताव रखा. (नीचे भी पढ़ें)
इस एकदिवसीय बैठक में पोटका, सीतारामडेरा, बारीडीह, बिरसानगर, मानगो, आदित्यपुर, सोपोडेरा, घोड़ाबांधा, बहरागोड़ा, बारीगोड़ा, कीताडीह, घाघीडीह सहित विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिनिधि शामिल हुए, जिनमें अर्जुन मुंडा, डॉ मीरा मुंडा, एतवा मुंडा, राम सिंह मुंडा, बीएन पातर, प्रकाश सांडिल, धान सिंह मुंडा, कृष्णा सांडिल, अर्जुन सांडिल, अशोक कुमार सांडिल, करण राम सांडिल, प्रभु राम मुंडा, मनोज मुंडा, चमरू नाग, शंकर सांडिल, हरि सिंह सांडिल, लखन सांडिल, पार्वती, विकास मुंडा, करण सांडिल, परशुराम सांडिल, महेश मुंडा, गणेश राम सांडिल, जमुना नाग, गीता सिंह मुंडा, बसेना मुंडा, रमेश बासा, रामधन बासा, रजबरी बासा, विकास सामंत, संतोष सामंत, नंद किशोर सिंह, संतोष सांडिल, शैलेन्द्र सामंत, जगन्नाथ, घासीराम सामंत, अनुप सोलंकी एवं गीता सोलंकी सहित बड़ी संख्या में समाज के सदस्य शामिल रहे.















