जमशेदपुर : पूर्वी सिंहभूम जिला (जमशेदपुर) कांग्रेस कमेटी के तत्वावधान में भारत के पूर्व प्रधानमंत्री स्वः राजीव गांधी की शहादत दिवस के अवसर पर बिष्टुपुर के कांग्रेस कार्यालय तिलक पुस्तकालय में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन जिला अध्यक्ष परविंदर सिंह की अध्यक्षता में आयोजित किया गया. कार्यक्रम में उपस्थित कांग्रेसजनों ने स्वर्गीय राजीव गांधी जी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी तथा उनके देश के प्रति योगदान को स्मरण किया. इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि राजीव गांधी जी आधुनिक भारत के निर्माण की सोच रखने वाले दूरदर्शी नेता थे, जिन्होंने देश को सूचना प्रौद्योगिकी, दूरसंचार, पंचायती राज व्यवस्था तथा युवाओं को सशक्त बनाने की दिशा में ऐतिहासिक कार्य किए. उनके नेतृत्व में भारत ने आधुनिक तकनीक और विकास के नए युग में प्रवेश किया. कार्यकारी अध्यक्ष अवधेश कुमार सिंह ने यह भी कहा कि देश में कंप्यूटर और दूरसंचार क्रांति को गति देने, शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने तथा ग्रामीण विकास की अवधारणा को सशक्त करने में उनका महत्वपूर्ण योगदान रहा. (नीचे भी पढ़ें)
जिला अध्यक्ष परविंदर सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि राजीव गांधी का बलिदान देश के लिए अविस्मरणीय है. उन्होंने भारत को 21वीं सदी की ओर अग्रसर करने का सपना देखा था और उनके द्वारा किए गए कार्य आज भी देश के विकास की आधारशिला बने हुए हैं. उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी उनके आदर्शों एवं विचारों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है. कार्यक्रम में उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने उनके बताए मार्ग पर चलने तथा देश में भाईचारा, लोकतंत्र एवं विकास की भावना को मजबूत करने का संकल्प लिया. अंत में दो मिनट का मौन रखकर स्वर्गीय राजीव गांधी जी को श्रद्धांजलि अर्पित की गई. कार्यक्रम का संचालन संजय सिंह आजाद उपाध्यक्ष (संगठन) ने किया. इस अवसर पर प्रदेश महामंत्री विजय यादव, प्रदेश सचिव ब्रजेंद्र तिवारी, उपाध्यक्ष राजकिशोर यादव, संजय सिंह आजाद, आशुतोष कुमार सिंह, कोषाध्यक्ष गुरदीप सिंह सोहल, महामंत्री अतुल गुप्ता,अविनाश सिंह, मकसूद आलम, अमित श्रीवास्तव, राकेश साहू, कौशल प्रधान, आशीष मुखी, के पी तिवारी, सचिव फिरोज खान, सकील अनवर, सेवादल कांग्रेस मुख्य संगठक राजा सिंह राजपूत, ओबीसी अध्यक्ष प्रताप यादव, पंचायती राज संगठन चेयरमैन पवन कुमार बबलू, रूबी ठाकुर, मुन्ना सिंह समेत अन्य लोग मौजूद थे.







