जमशेदपुर: जिला व्यवहार न्यायालय के प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी ज्योत्सना पांडे की अदालत ने जमशेदपुर शहर के कारोबारी एवं मेसर्स एएसएल इंडस्ट्री प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक दिलीप गोयल सहित तीन के खिलाफ सम्मन जारी किया है. जानकारी के अनुसार मेसर्स एएसएल इंडस्ट्री ने एक मामले में उनका न्यायालय में पक्ष रख रहे फौजदारी मामलों के अधिवक्ता सुधीर कुमार पप्पू को फीस नहीं दी. नोटिस देने के बावजूद आना कानी करते रहे तो वकील सुधीर कुमार पप्पू ने शिकायत वाद 2053/2023 दायर किया.(नीचे भी पढ़े)
अदालत में अधिवक्ता सुधीर कुमार पप्पू का पक्ष पूर्व लोक अभियोजक सुशील जायसवाल, अधिवक्ता अनिंदो मिश्रा एवं अधिवक्ता शिव शंकर ने रखा, जिसके आधार पर न्यायालय में धोखाधड़ी के मामले में आईपीसी की धारा 420 के तहत संज्ञान लिया गया.प्राप्त जानकारी के अनुसार मेसर्स एएसएल इंडस्ट्री के निदेशक एवं सर्किट हाउस एरिया निवासी दिलीप गोयल , एचआर हेड आशियाना गार्डन सोनारी निवासी अभिषेक गर्ग और जुगसलाई निवासी विमल कुमार भरतिया का एक मामला जीआर 1399/2015 हरियाणा व्यापारी रामनाथ कपूर और मनोज कपूर के खिलाफ था.(नीचे भी पढ़े)
चूंकि मामला एक करोड़ बीस लाख रुपए की राशि से संबंधित है और इस शिकायतवाद में आरोपी दिलीप गोयल एवं उनके अधिवक्ता सुधीर कुमार पप्पू के बीच एक इकरारनामा बना और तय हुआ कि इस मामले से संबंधित राशि का 10 फीसदी अर्थात 12 लाख रुपए केस समाप्त होने पर उन्हें दिया जायेगा. सुलहनामा के आधार पर उक्त केस का निपटारा हो गया एवम एएसएल इंडस्ट्री को एक करोड़ बीस लाख रूपए मिल गए. परंतु करार के मुताबिक वकील सुधीर कुमार पप्पू को फीस देने में दिलीप गोयल व अन्य आनाकानी करने लगे तो उन्हें अदालत की शरण में जाना पड़ा.











