जमशेदपुर: झारखंड राज्य अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अमरनाथ सिंह ने गुरुवार को एमजीएम अस्पताल के अधीक्षक से मुलाकात की. इस मुलाकात में अमरनाथ सिंह ने अधीक्षक से कहा कि उनकी संस्था झारखंड राज्य अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ एक रजिस्टर्ड संस्था है. वह लोग कर्मचारियों के हित के लिए काम करते हैं. संस्था का एक कार्यालय पूर्व में एमजीएम अस्पताल परिसर में था. जिसे जुस्को ने तोड़ दिया था. तब से संस्था का कोई कार्यालय नहीं है. संस्था की बैठक करने में परेशानी होती है. यहां वहां जगह तलाश कर संस्था की बैठक करनी होती है. इससे संस्था के कार्य पर प्रभाव पड़ रहा है. उन्होंने अधीक्षक से मांग की कि उनकी संस्था को एक कार्यालय आवंटित किया जाए.(नीचे भी पढ़े)
एमजीएम अस्पताल के सुंदरीकरण के दौरान पुलिस कैंप ऑफिस तोड़ दिया गया था. इससे पुलिसकर्मियों को बैठने में काफी दिक्कत हो रही है. पुलिसकर्मी अभी एमजीएम अस्पताल के शव गृह के बरामदे में ही बैठकर काम करते हैं. यहां शव की दुर्गंध से पुलिस कर्मियों को काफी दिक्कत का सामना करना पड़ता है. गुरुवार को पुलिसकर्मी एमजीएम अस्पताल के अधीक्षक से मिले और अपनी परेशानी बताई और कहा कि उन्हें एक कैंप ऑफिस दिया जाए. इसके बाद अस्पताल प्रबंधन ने होमगार्ड कार्यालय के बगल में खाली पड़े कमरे को पुलिस के कैंप कार्यालय के लिए आवंटित करने का फैसला लिया है. जल्द ही इस कमरे में पुलिस का कैंप कार्यालय खुल जाएगा.





