घाटशिला : पूर्वी सिंहभूम सेंट्रल दुर्गापूजा समिति की एक बैठक घाटशिला के होटल जेएन पैलेस में आयोजित हुई. इसमें घाटशिला अनुमंडल की 61 पूजा कमेटियों ने हिस्सा लिया. बैठक में पूजा कमेटियों की समस्याओं, जैसे लाइसेंस के लंबित आवेदन एवं नई अनुज्ञप्तियां निर्गत कराने के साथ ही पूजा कमेटियों को होनेवाली अन्य समस्याओं पर चर्चा की गई. कमेटी ने बैठक में विभिन्न पूजा कमेटियों की समस्याओं की एक सूची बना कर उपायुक्त एवं एसएसपी को सौंपते हुए दुर्गापूजा से एक सप्ताह पूर्व तक उनका समाधान कराने का आग्रह करने का निर्णय लिया गया. महासचिव ललन यादव ने बताया कि वर्तमान में ग्रामीण क्षेत्र की कई दुर्गापूजा कमेटियां ऐसी है जिन्हें वर्षों से अनुज्ञप्ति निर्गत नहीं हुई है. इसके लिए सेंट्रल दुर्गा पूजा समिति गंभीर है. पहली बैठक में ही प्रशासन को लिखित रूप में इस समस्या से अवगत कराते हुए निदान का आग्रह किया गया है. उन्होंने उम्मीद जताई कि जिले के उपायुक्त एवं एसएसपी के नेतृत्व में इस वर्ष दुर्गापूजा भव्य और अतुलनीय रूप से आयोजित होगी. (नीचे भी पढ़ें)

इससे पूर्व समिति की एक टीम ने कार्यकारी अध्यक्ष तापस चटर्जी के नेतृत्व में मऊभंडार स्थित स्वर्णरेखा विसर्जन घाट का भी निरीक्षण किया था. उस दौरान विसर्जन घाट तक जानेवाली सड़क काफी जर्जर अवस्था में दिखी. सड़क पर जगह-जगह गड्ढे बन गए हैं तथा घाट के क्षेत्र में सड़क के दोनों ओर घनी झाड़ियां भी उग आई हैं. समिति के वरीय उपाध्यक्ष आशीष गुप्ता ने कहा कि इस बार जिस क्षेत्र में कार्पोरेट संस्थाएं या बड़े उद्योग संचालित हैं, उनके क्षेत्र में आने वाली दुर्गा पूजा कमेटियों को भोग बनाने के लिए सूखा राशन उपलब्ध कराने के लिए सूची बना कर उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि उन पूजा कमेटियों को आयोजन को भव्य बनाने में सहायता मिले. इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित जलमीनारों को दुरुस्त कराने का आग्रह भी जिला प्रशासन से किया जाएगा, ताकि पेयजल की समस्या से निजात मिल सके. इसके अलावा पूजा कमेटियों को पानी के टैंकर उपलब्ध कराने का प्रयास भी किया जायगा. उन्होंने बताया कि समिति ने पूजा के आयोजन के लिए नोडल पदाधिकारी नियुक्त करने की मांग की थी. उपायुक्त ने इस बात पर संज्ञान लेते हुए घाटशिला अनुमंडल के लिए घाटशिला अनुमंडल पदाधिकारी एवं धालभूम अनुमंडल के लिए अपर उपायुक्त को नोडल पदाधिकारी के रूप में नियुक्त कर दिया है.




