
जमशेदपुर : एक तरफ राज्य की हेमंत सरकार ने आज दो वर्ष का कार्यकाल पूरा करने पर अपनी दो साल की उपलब्धियों का रिपोर्ट कार्ड पेश किया, वहीं जमशेदपुर में बेरोजगार युवा सड़क पर उतरकर सरकार से वायदे के तहत बेरोजगारी भत्ता और रोजगार की मांग करते हुए विरोध-प्रदर्शन करते देखे गए. जमशेदपुर के साकची गोलचक्कर पर शहर के युवाओं ने राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए रोजगार और बेरोजगारी भत्ता देने की मांग की. उन्होंने ने बताया कि राज्य की हेमंत सरकार चीख-चीखकर अपनी उपलब्धियों को गिना रही है और राज्य के युवा बेरोजगारी का दंश झेल रहे हैं. यहां तक कि मुख्यमंत्री जनता से किए गए वादों को भूल चुके हैं राज्य में अब तक स्थानीय नीति परिभाषित नहीं हुआ है. जिससे यहां के युवाओं के समक्ष विषम परिस्थिति उत्पन्न हो गई है. जिस तरह देश आजाद होने के बाद यहां रह रहे सभी भारतीय कहलाए, उसी तरह झारखंड अलग राज्य गठन होने के बाद यहां रह रहे लोग झारखंडी हुए, मगर आज भी उन्हें अपने अधिकार के लिए लड़ना पड़ रहा है. सरकार उन्हें रोजगार और बेरोजगारी भत्ता देने के वायदे से पीछे हट रही है.



