
रांचीः प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को झारखंड स्थापना दिवस के अवसर पर रांची में बिरसा मुंडा संग्रहालय का उद्धाटन किया. यह संग्रहालय बिरसा मुंडा जेल परिसर में भगवान बिरसा मुंडा स्मृति उद्यान सह स्वतंत्रता सेनानी संग्रहालय के नाम से विख्यात हुआ है. (नीचे भी पढ़े)
इस साल से भगवान बिरसा मुंडा की जयंती के साथ साथ जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाने की घोषणा की है. इस दौरान उद्घाटन करते हुए नरेंद्र मोदी ने कहा- आज सौभाग्य का दिन है, पुनीत का दिन है. आज ही धरती आबा की जयंती के साथ आदिवासियों की संस्कृति के लिए गौरव का दिन है. वहीं उन्होंने यह भी कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी जी की दृढ़ इच्छाशक्ति से झारखंड अस्तित्व में आया था. (नीचे भी पढ़े व देखे वीडियो)
इस दौरान अटल जी ने अलग से आदिवासी कल्याण मंत्रालय का गठन किया. देश का पहला जनजातीय स्वतंत्रता सेनानी म्यूजियम का शुभांरभ हो रहा है. आजादी के लिए लड़ते हुए भगवान बिरसा मुंडा ने इस जेल में अंतिम समय बिताया था. जहां भगवान बिरसा मुंडा के चरण पड़े, वह हमारे लिए पवित्र तीर्थस्थल है. (नीचे भी पढ़े)
उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, राज्यपाल रमेश बैस, केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा व किशन रेड्डी, मंत्री चंपाई सोरेन, रांची की मेयर आशा लकड़ा और मुख्य सचिव सुखदेव सिंह शामिल थे. विदित हो कि झारखंड राज्य 21 साल का हो चुका है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से उद्घाटन किया. (नीचे भी पढ़े)
संग्रहालय के तहत बिरसा मुंडा के साथ साथ शहीद बुधु भगत, सिद्धू- कान्हू, नीलांबर -पीतांबर, गया मुंडा, जात्रा भगत, पोटो एच, भागीरथ जैसे विभिन्न आंदोलनों से जुड़े सेनानियों के बारे में जानकारी प्रदर्शित करेगा. संग्रहालय में बिरसा मुंडा की 25 फीट की प्रतिमा और अन्य स्वतंत्रता सेनानियों की नौ फीट की प्रतिमा मौजूद होगी.












