रांची/जमशेदपुर: जमशेदपुर के गोलमुरी स्थित एबीएम कॉलेज में घोटाले की आरोपी तत्कालीन मनोविज्ञान की विभागाध्यक्ष डॉ. पूनम सहाय को झारखंड हाईकोर्ट ने बड़ी राहत दी है. हाईकोर्ट ने उनकी जमानत याचिका को मंजूर कर ली है. मामले की सुनवाई करते हुए जस्टिस राजेश कुमार ने उन्हें जमानत दी है. इसके पूर्व डॉ. पूनम सहाय ने 21 मार्च को जमशेदपुर कोर्ट में प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी राजेंद्र प्रसाद की अदालत में सरेंडर कर दिया था. (नीचे भी पढ़े)
निचली अदालत ने उनकी जमानत को नामंजूर कर दिया था. एबीएम कॉलेज में प्रिंसिपल रहते हुए डॉ. आरके दास पर दो करोड़ रुपए की हेराफेरी करने का आरोप लगा था. इस हेराफेरी में एबीएम कॉलेज की पूर्व बर्सर पूनम सहाय पर ब्लैंक चेक पर साइन करने तथा राशि निकासी में डॉ. दास का सहयोग करने का आरोप था. यूनिवर्सिटी की ओर से कराई गई जांच में इस मामले में कुल सात लोग को आरोपी बनाया गया था जिसमें से पांच लोगों ने अपनी गलती मानते हुए गबन की राशि अपने वेतन से कटवाने की मंजूरी देकर पुलिसिया कार्रवाई से बच गए थे.




