
रांची : राष्ट्रीय खेल घोटाले के मामले में आरोपी आरके आनंद की अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई पूरी हुई. शनिवार को अदालत ने दोनों पक्षों की ओर से दी गई दलीलों को पूरी तरह से सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रखा है. एसीबी की विशेष न्यायालय मे आरके आनंद की अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई हुई. अदालत आनंद को अग्रिम जमानत की सुविधा प्रदान करता है या नहीं यह देखना काफी महत्वपूर्ण होगा. फिलहाल आरके आनंद के ऊपर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है. इसीलिए उन्होंने अपने अधिवक्ता विक्रांत सिन्हा के माध्यम से अग्रिम जमानत याचिका दाखिल कर जमानत दिए जाने की मांग अदालत से की है. सुनवाई के दौरान एसीबी के अधिवक्ता ने न्यायालय के समक्ष बहस के दौरान आरके आनंद को अग्रिम जमानत दिए जाने का पुरजोर विरोध किया जबकि बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं ने राष्ट्रीय खेल घोटाला मामले में आरके आनंद की संलिप्तता से इनकर करते हुए कहा कि उन्हें अग्रिम जमानत दी जानी चाहिए, क्योंकि इस पूरे मामले में उनकी कोई संलिप्तता नहीं है. विदित हो कि झारखंड हाईकोर्ट ने 5 जुलाई को आरके आनंद के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी को निरस्त करने से इंकार कर दिया था. झारखंड हाईकोर्ट ने राष्ट्रीय खेल घोटाला मामले के प्रमुख आरोपी आरके आनंद की उस याचिका को खारिज कर दिया था जिसमें उन्होंने उनके खिलाफ दर्ज प्राथमिकी को रद्द करने की मांग की थी.हाईकोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस अनिल कुमार चौधरी की अदालत ने इस मामले में दोनों पक्षों की बहस पूरी सुनने के बाद अपना फैसला सुनाया था. इस फैसले के बाद आरके आनंद के ऊपर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है. 34वें राष्ट्रीय खेल में 28 करोड़ 38 लाख रुपये घोटाला हुआ है. इस मामले में एसएम हाशमी, पीसी मिश्रा, आरके आनंद समेत अन्य के खिलाफ एसीबी ने प्राथमिकी दर्ज की थी.




