सरायकेला : सड़क सुरक्षा सप्ताह के समापन पर ज़िला प्रशासन द्वारा तीन किलोमीटर का रन फ़ॉर सेफ्टी का आयोजन किया गया. इस दौड़ के आयोजन का मुख्य उद्देश्य लोगों को यातायात नियमो के प्रति जागरूक करना रहा. अन्य वर्षों की तुलना में पिछले वर्ष सड़क दुर्घटनाओं की संख्या ज्यादा रही जिस वजह से प्रशासन सड़क सुरक्षा को लेकर ज्यादा सचेत नज़र आया. स्कूली बच्चों ने नारा लगाते हुए कहा “हेलमेट पहने जान बचाएं” “सीट बेल्ट पहने परिवार बचाएं”, “सड़क सुरक्षा जीवन रक्षा”, “वन मिस्टेक गेम ओवर” ,”स्पीड थ्रील बट किल”, “गाड़ी चलाएं शौक से शोक से नहीं”, “ड्रंक एंड ड्राइव जानलेवा है”, आदि नारों को बुलंद किया गया. इस रन फ़ॉर सेफ्टी के आयोजन में उपायुक्त अरवा राजकमल, डीडीसी प्रवीण कुमार गागराई, एसडीओ राम कृष्ण कुमार, सीओ सुरेश प्रसाद सिन्हा, सरायकेला थाना प्रभारी नीतीश कुमार समेत जिला प्रशासन के आलाधिकारियों के अलावा आम नागरिक सहित स्कूली बच्चों ने भी हिस्सा लिया. (नीचे भी पढ़ें)
रन फॉर सेफ्टी गेस्ट हाउस से शुरू होकर बिरसा मुंडा स्टेडियम में समाप्त हुआ. उपायुक्त अरवा राजकमल ने कहा यातायात में हुई मामूली चूक की वजह से लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ती है, हमारा उद्देश्य है कि ज्यादा से ज्यादा लोगों को रोड सेफ्टी की जानकारी देकर सड़क दुर्घटनाओं में कमी लायी जा सके. उन्होंने कहा कि लोग आज खुलेआम यातायात नियमो की अनदेखी कर अपनी जान जोखिम में डाल रहे है. ऐसे में ज़रूरी है कि लोग यातायात नियमों का पालन करें यह रन फ़ॉर सेफ्टी उसी का एक हिस्सा है. सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाना ही इस दौड़ का मुख्य उद्देश्य है. उपायुक्त अरवा राजकमल ने कहा इस जागरूकता कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य यातायात नियमों के प्रति लोगों को जागरूक कर उन्हें यातायात नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित करना है. (नीचे भी पढ़ें)
उपायुक्त ने सड़क सुरक्षा सप्ताह 2023 के तहत लोगों को जागरूक करने के लिए जिला परिवहन विभाग द्वारा चलाए गए जागरूकता अभियान की सराहना की. उन्होंने कहा कि आमलोगों को सड़क सुरक्षा नियमों के प्रति जागरूक करने के लिए इसी प्रकार अलग-अलग तरह के व्यापक प्रचार-प्रसार करने की ज़रूरत है. आम लोगों को यातायात नियमों की जानकारी देते हुए डीसी ने सभी से अपील किया कि वे अपने एवं परिवार के लिए यातायात नियमों का पालन अवश्य करें. सीट-बेल्ट, हेलमेट का उपयोग करें. (नीचे भी पढ़ें)
सड़क सुरक्षा सप्ताह में आठ मौत- सड़क सुरक्षा सप्ताह के दौरान अलग-अलग सड़क दुर्घटनाओं में कुल आठ लोगों की जान गई. इनमें से राजनगर में चार, सरायकेला में तीन, चांडिल में एक की मौत हुई. सभी मौतें सड़क दुर्घटना में हुई, जबकि दो दर्जन से अधिक घायल हुए हैं.



