रामगोपाल जेना/चाईबासा : मझगांव विधायक निरल पुर्ती ने मंगलवार को मंझारी प्रखंड अंतर्गत रोलाडीह पंचायत के दोकट्टा हातु तालाब गोरेयाबासा से मेरोमहोनर पिंडकी सिंदरी तक पीसीसी सड़क निर्माण कार्य का शिलान्यास किया. इस अवसर पर बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे. कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक निरल पुर्ती ने कहा कि झारखंड सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, बिजली और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने के लिए लगातार कार्य कर रही है, ताकि आम जनता को उसका सीधा लाभ मिल सके. उन्होंने बताया कि प्रखंड के स्कूलों को मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय में बदलकर शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाया जा रहा है. वहीं कस्तूरबा विद्यालयों में छात्राओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल रही है. (नीचे भी पढ़ें)

विधायक निरल पुर्ती ने अपने संबोधन में जनगणना के मुद्दे को उठाते हुए कहा कि आदिवासी समाज के लिए सरना धर्म कोड अत्यंत आवश्यक है. उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार अब तक आदिवासियों के लिए अलग धर्म कोड जारी नहीं कर रही है, जो एक गंभीर विषय है. उन्होंने कहा कि जनगणना के साथ जाति जनगणना भी जरूरी है. धर्म कॉलम में सरना कोड नहीं होने से आदिवासी-पहचान पर खतरा है. वर्षों से यह मांग लंबित है, जिसे अब जल्द पूरा किया जाना चाहिए. (नीचे भी पढ़ें)

विधायक ने स्पष्ट कहा कि यदि जनगणना में सरना धर्म कोड शामिल नहीं किया गया, तो आदिवासी समुदाय की पहचान प्रभावित हो सकती है. इसलिए केंद्र सरकार को जल्द से जल्द इस मांग पर निर्णय लेना चाहिए. इस कार्यक्रम में प्रखंड प्रमुख सुशीला बारी, पूर्व मुखिया अरविंद कुंकल, मुखिया सनातन बिरुआ, झामुमो प्रखंड अध्यक्ष लाला राउत, सचिव विजय सिंह बारी समेत कई जनप्रतिनिधि, मानकी-मुंडा और ग्रामीण मौजूद रहे.







